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पटना कॉलेज के HOD पर यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोप, phD कराने का झांसा देकर केबिन में करते थे गंदी हरकत; दोनों तरफ से केस

Bihar News: पटना कॉलेज के विभागाध्यक्ष पर एक महिला ने यौन उत्पीड़न, मानसिक प्रताड़ना और धमकी देने के गंभीर आरोप लगाए हैं। वहीं विभागाध्यक्ष ने भी महिला पर झूठे आरोप लगाने और शादी के दबाव का दावा करते हुए पलटवार किया है।

1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Jun 29, 2026, 9:09:37 AM

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Bihar News: पटना कॉलेज के विभागाध्यक्ष (HOD) पर एक महिला ने यौन उत्पीड़न और मानसिक प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए हैं। मामला अब पटना के पीरबहोर थाने तक पहुंच गया है, जहां दोनों पक्षों की ओर से शिकायत दर्ज की गई है और पुलिस जांच शुरू कर दी गई है।


पीड़िता, जो पटना कॉलेज में वर्ष 2024 से सितंबर 2025 तक काउंसलर के पद पर कार्यरत रही हैं और रिसर्च स्कॉलर भी रही हैं, ने आरोप लगाया है कि विभागाध्यक्ष ने उन्हें अपने केबिन में बुलाकर अनुचित व्यवहार किया और शारीरिक छेड़छाड़ की। उनका कहना है कि पीएचडी में दाखिले और नौकरी का प्रलोभन देकर उनसे अनुचित मांग की गई। विरोध करने पर करियर खराब करने की धमकी भी दी गई।


महिला ने यह भी आरोप लगाया है कि विभागाध्यक्ष उनके पहनावे को लेकर अश्लील टिप्पणियां करते थे और लगातार मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। उन्होंने दावा किया कि उन्हें ऑफिस के साथ-साथ घर से भी काम करने के लिए मजबूर किया गया और निजी बायोडाटा, पत्राचार तथा टाइम-टेबल जैसे कार्यों के नाम पर लगातार दबाव बनाया गया।


पीड़िता का कहना है कि उन्होंने इस मामले की शिकायत कॉलेज की आंतरिक शिकायत समिति (ICC) में भी की थी, लेकिन वहां से कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। पीरबहोर थाने के थानाध्यक्ष राजकुमार सिंह के अनुसार, इस मामले में विभागाध्यक्ष की ओर से भी महिला के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई है। पुलिस दोनों पक्षों के आरोपों की जांच कर रही है।


वहीं विभागाध्यक्ष ने आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है। उनका कहना है कि महिला उन पर दबाव बनाकर शादी करना चाहती थी, और जब उन्होंने इनकार किया तो उनके खिलाफ झूठे आरोप लगाए गए। उन्होंने यह भी दावा किया है कि महिला पहले भी कई लोगों पर ऐसे आरोप लगा चुकी है और उनकी नौकरी फर्जी प्रमाणपत्रों के आधार पर थी, जिसके चलते उन्हें पद से हटाया गया था। फिलहाल पुलिस दोनों पक्षों के दावों की गहन जांच कर रही है और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की बात कही है।