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शादी की शहनाई से पहले घर में छाया मातम, बेगूसराय में बेटे की बारात निकलने से पहले पिता की मौत

Bihar News: बेगूसराय में बेटे की बरात निकलने से ठीक पहले एक दर्दनाक हादसे में पिता की करंट लगने से मौत हो गई। शादी की खुशियां पलभर में मातम में बदल गईं, हालांकि लड़की पक्ष को देखते हुए बरात...

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Jun 29, 2026, 5:49:31 PM

शादी की शहनाई से पहले घर में छाया मातम, बेगूसराय में बेटे की बारात निकलने से पहले पिता की मौत

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Bihar News: बिहार के बेगूसराय जिले से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है, जहां बेटे की शादी की खुशियों के बीच पिता की दर्दनाक मौत हो गई. बखरी थाना क्षेत्र के जीतपुर गांव में रविवार रात बेटे की बारात निकलने से कुछ देर पहले ही पिता सिकंदर महतो की करंट लगने से जान चली गई. हादसे के बाद शादी वाले घर में खुशी का माहौल मातम में बदल गया और परिवार में चीख-पुकार मच गई.


मृतक की पहचान जीतपुर गांव निवासी स्वर्गीय रामरक्षी महतो के 50 वर्षीय पुत्र सिकंदर महतो के रूप में हुई है. बताया जा रहा है कि उनके छोटे बेटे विकास कुमार की शादी थी और रविवार रात उसकी बारात चेरिया बरियारपुर थाना क्षेत्र के अर्जुन टोल गांव जाने वाली थी.


बारात की तैयारी पूरी हो चुकी थी. घर में मेहमान जुटे हुए थे और दूल्हा समेत ज्यादातर बराती गाड़ियों में बैठ चुके थे. हर तरफ शादी की खुशियां थीं. इसी दौरान एक ऐसा हादसा हुआ जिसने पूरे परिवार को सदमे में डाल दिया.


बताया गया कि बारात निकलने से ठीक पहले सिकंदर महतो किसी काम से घर के अंदर गए थे. इसी दौरान वह घर में मौजूद बिजली के तार की चपेट में आ गए. करंट लगते ही वह गंभीर रूप से घायल होकर गिर पड़े. घटना के बाद घर में अफरा-तफरी मच गई.


परिजनों ने आनन-फानन में उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाने की कोशिश की. पुलिस को भी इसकी सूचना दी गई. परिवार वाले उन्हें लेकर बेगूसराय की ओर निकले, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई.


सिकंदर महतो की मौत की खबर जैसे ही शादी में मौजूद लोगों को मिली, वहां का माहौल पूरी तरह बदल गया. कुछ देर पहले जहां गीत-संगीत और शादी की तैयारी चल रही थी, वहीं अचानक रोने-बिलखने की आवाजें आने लगीं.


बरातियों के बीच भी मायूसी छा गई. कई लोग इस स्थिति में असमंजस में थे कि बारात जाए या नहीं. लेकिन लड़की पक्ष की परेशानी और सामाजिक स्थिति को देखते हुए परिवार और ग्रामीणों ने दूल्हे को कुछ लोगों के साथ शादी के लिए रवाना कर दिया.


ग्रामीणों ने बताया कि सिकंदर महतो राजमिस्त्री का काम कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते थे. उनके दो बेटे हैं, जो टेंट हाउस का काम करते हैं. कोई बेटी नहीं थी. बेटे की शादी को लेकर वह काफी खुश थे और तैयारियों में जुटे हुए थे.


घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया और बाद में परिजनों को सौंप दिया. सोमवार सुबह जैसे ही शव घर पहुंचा, वहां लोगों की भीड़ जुट गई. रिश्तेदार और ग्रामीण इस घटना से काफी दुखी नजर आए.