1st Bihar Published by: First Bihar Updated Jun 29, 2026, 4:11:35 PM
- फ़ोटो
Bihar News: बिहार में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के मुद्दों को लेकर एक बार फिर आंदोलन की आहट सुनाई देने लगी है. छात्र नेता दिलीप कुमार ने बिहार कर्मचारी चयन आयोग (BSSC) को 10 दिनों का अल्टीमेटम देते हुए कहा है कि अगर तय समय के अंदर छात्रों की मांगों पर फैसला नहीं लिया गया तो बिहार की सड़कों पर बड़ा छात्र आंदोलन शुरू होगा.
छात्र नेता दिलीप कुमार ने पटना से जारी एक वीडियो संदेश के जरिए आयोग और राज्य सरकार पर निशाना साधा है. उन्होंने मांग की है कि बीएसएससी द्वितीय इंटर स्तरीय परीक्षा और बीएसएससी सीजीएल-4 परीक्षा की तारीख जल्द घोषित की जाए. इसके अलावा उन्होंने संविदा कर्मियों को मिलने वाले वेटेज को भी खत्म करने की मांग उठाई है.
दिलीप कुमार का कहना है कि लाखों छात्र लंबे समय से इन परीक्षाओं का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन आयोग की ओर से लगातार देरी की जा रही है. उन्होंने कहा कि विज्ञापन जारी होने के बाद भी परीक्षा की तारीख नहीं बताना अभ्यर्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है.
बीएसएससी द्वितीय इंटर स्तरीय परीक्षा का विज्ञापन सितंबर 2023 में जारी किया गया था. इसके बाद काफी समय बीत जाने के बावजूद अब तक प्रारंभिक परीक्षा की तारीख घोषित नहीं की गई है. वहीं बीएसएससी सीजीएल-4 परीक्षा के विज्ञापन को भी कई महीने हो चुके हैं, लेकिन परीक्षा को लेकर स्थिति साफ नहीं है.
छात्र नेता ने कहा कि हजारों युवा दिन-रात मेहनत कर सरकारी नौकरी की तैयारी करते हैं, लेकिन समय पर परीक्षा नहीं होने से उनका भविष्य अधर में लटक जाता है. उन्होंने आयोग से जल्द से जल्द परीक्षा कैलेंडर जारी करने की मांग की है.
दिलीप कुमार ने संविदा वेटेज को लेकर भी सवाल उठाए हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि इससे नियमित तैयारी करने वाले नए अभ्यर्थियों को नुकसान हो रहा है. उनके अनुसार, भर्ती प्रक्रिया में समान अवसर मिलना चाहिए और ऐसे नियमों को हटाया जाना चाहिए जिससे छात्रों में असंतोष बढ़ रहा है.
उन्होंने बिहार सरकार से भी इस मामले में हस्तक्षेप करने की अपील की है. दिलीप कुमार ने कहा कि अगर 10 दिनों के अंदर उनकी मांगों पर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया तो छात्र अपने अधिकारों के लिए सड़क पर उतरने को मजबूर होंगे.