Success Story: संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा में सफलता पाना केवल ज्ञान की परीक्षा नहीं होती, बल्कि यह आपकी रणनीति, धैर्य, आत्मविश्वास और मानसिक दृढ़ता का भी बड़ा इम्तिहान होता है। इसी परीक्षा में वर्ष 2024 में ऑल इंडिया 38वीं रैंक हासिल कर अभिषेक शर्मा ने न केवल खुद का बल्कि अपने परिवार और शिक्षकों का नाम भी रोशन किया है। उन्हें उनकी पहली पसंद के अनुसार भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) कैडर आवंटित किया गया है, जो लाखों अभ्यर्थियों के बीच एक बहुत बड़ी उपलब्धि मानी जाती है।
हाल ही में कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) द्वारा जारी की गई सेवा आवंटन सूची में बताया गया कि UPSC 2024 के कुल 1009 सफल उम्मीदवारों में से 875 को सेवाएं आवंटित की गई हैं। सामान्य वर्ग के टॉप 80 उम्मीदवारों को IAS सेवा मिली, जिसमें अभिषेक शर्मा 38वीं रैंक के साथ शामिल हुए।
अभिषेक की शिक्षा की नींव नवोदय विद्यालय से रखी गई थी। उनके पिता अशोक शर्मा मध्य प्रदेश के एक नवोदय विद्यालय में अंग्रेजी के शिक्षक हैं, जिनसे उन्हें अनुशासन और शिक्षा के प्रति लगन की प्रेरणा मिली। अभिषेक ने भोपाल स्थित मौलाना आजाद नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (MANIT) से वर्ष 2022 में इंजीनियरिंग की डिग्री प्राप्त की और इसके बाद डेलॉइट जैसी प्रतिष्ठित मल्टीनेशनल कंपनी में नौकरी भी की।
हालाँकि, उनका सपना हमेशा से एक IAS अधिकारी बनने का था। उन्होंने यह सपना पूरा करने के लिए अच्छी-खासी नौकरी छोड़ दी और यूपीएससी की तैयारी में जुट गए। शुरुआती दो प्रयासों में उन्हें असफलता हाथ लगी, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। लगातार मेहनत और आत्मविश्लेषण के साथ उन्होंने अपनी रणनीति में बदलाव किया और तीसरे प्रयास में कमाल कर दिया। अभिषेक का वैकल्पिक विषय भौतिकी (Physics) था, जिस पर उनकी मजबूत पकड़ रही है।
उनकी सफलता न केवल प्रेरणादायक है, बल्कि यह इस बात का प्रमाण भी है कि कठिन परिश्रम, धैर्य और दृढ़ इच्छाशक्ति से किसी भी सपने को साकार किया जा सकता है। उन्होंने उन लाखों युवाओं को एक नई उम्मीद दी है जो UPSC जैसी कठिन परीक्षाओं के लिए प्रयासरत हैं।





