1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Jun 02, 2026, 8:08:32 AM
अधिकारियों को सख्त निर्देश - फ़ोटो File
Bihar News: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं के सभी लाभार्थियों के खातों में प्रत्येक माह की 10 तारीख तक हर हाल में पेंशन राशि पहुंचनी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि पेंशन भुगतान में किसी भी प्रकार की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री ने सोमवार को लोक सेवक आवास में समाज कल्याण विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान विभागीय योजनाओं की प्रगति का जायजा लिया और कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों पर मिलने वाली सेवाओं की तकनीक आधारित निगरानी की जाए। केंद्रों में सेविकाओं, सहायिकाओं और लक्षित बच्चों की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र जितने बेहतर होंगे, बच्चों का शारीरिक और मानसिक विकास भी उतना ही बेहतर होगा। उन्होंने विभाग में रिक्त पदों को शीघ्र भरने, कुपोषण से जुड़े स्टंटिंग और वेस्टिंग के आंकड़ों में सुधार लाने तथा सामाजिक कल्याण योजनाओं का दायरा बढ़ाकर अधिक पात्र लोगों को लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि परवरिश योजना समेत अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के तहत मिलने वाली सहायता राशि और लाभों की पुनः समीक्षा की जाए ताकि जरूरतमंदों को अधिक सहायता मिल सके। उन्होंने आंगनबाड़ी केंद्रों के संचालन को मजबूत बनाने के लिए कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) के तहत सहयोग प्राप्त करने की संभावनाओं पर भी काम करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि सभी योजनाओं का प्रभावी, पारदर्शी और समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए ताकि समाज के कमजोर और वंचित वर्गों तक सरकार की योजनाओं का पूरा लाभ पहुंच सके।
एक अन्य समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने निवेश, उद्योग और व्यापार से जुड़ी प्रक्रियाओं को सरल बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि उद्योगपतियों, निवेशकों, स्टार्टअप संचालकों, व्यापारिक प्रतिष्ठानों और आम नागरिकों को लाइसेंस, अनुमति और अन्य सेवाओं के लिए बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ें, यह सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री ने संबंधित विभागों को लाइसेंस, स्वीकृति और निरीक्षण संबंधी प्रक्रियाओं को सरल बनाने का ठोस प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश दिया।
लोक सेवक आवास स्थित संकल्प सभागार में आयोजित "कंप्लायंस रिडक्शन एंड डिरेगुलेशन" समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की भूमिका नागरिकों और उद्यमियों के लिए सुविधा उपलब्ध कराने की होनी चाहिए। उन्होंने विभागों को डिजिटल सेवाओं, स्व-प्रमाणन (Self Certification), ऑनलाइन अनुमोदन और समयबद्ध सेवा वितरण प्रणाली को और मजबूत करने का निर्देश दिया। साथ ही यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि एक ही जानकारी को अलग-अलग स्तरों पर बार-बार मांगने की व्यवस्था समाप्त की जाए। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि जनकल्याण से जुड़े कार्य पूरी संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ किए जाएं, क्योंकि इससे सीधे लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव आता है।