Mass Hanuman Chalisa Recitation: रामलला 500 वर्षों के पश्चात पिछले वर्ष अयोध्या में विराजमान हुए। प्राण प्रतिष्ठा के प्रथम वर्षगांठ पर आगामी 11 जनवरी को पटना शहर में 100 से अधिक मंदिरों में हनुमान चालीसा पाठ का आयोजन होगा। यह निर्णय बिस्कोमान गोलंबर स्थित अजेय रामदूत फाउंडेशन के प्रधान कार्यालय में आयोजित बैठक में लिया गया है।
अजेय रामदूत फाउंडेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ अजय प्रकाश ने बताया कि सनातन परंपरा में मर्यादा पुरुषोत्तम कहे गए श्री राम का संपूर्ण जीवन मानव को जीने की कला सिखाता है। जीवन के प्रत्येक क्षेत्र का ज्ञान हमें भगवान श्री राम के जीवन दर्शन से प्राप्त होता है। इस ज्ञान को हमारी अगली पीढ़ी भी जानकर आत्मसात करें, इसी के उद्देश्य से पुनः इस वर्ष हर्सोल्लास के साथ उत्सव मनाया जाएगा।
कार्यक्रम के अंतर्गत विभिन्न मंदिरों में दीपोत्सव, हनुमान चालीसा पाठ, आरती, झांकी आदि की व्यवस्था की गई है। उन्होंने यह भी बताया कि अजेय रामदूत फाउंडेशन, राजाओं के राजा विघ्नहर्ता सेवा समिति, श्री राम सनातन सेना, दिनकर सेवा समिति, श्री राम लला मंच, श्री राम जानकी विवाह समिति आदि कई संगठन के पदाधिकारी अब से सक्रिय भूमिका में रहेंगे। सभी स्थानों पर हनुमान चालीसा के साथ प्रसाद वितरण भी किया जाएगा।
बैठक में डा सर्वदेव प्रसाद गुप्त, वीणा प्रकाश, डॉक्टर एचपी सिंह, विकास कुमार मौडीवाल, डॉ कुमार अंजनेयम, डॉ टी एल मौर्या, मनीष कुमार, प्रियंका रॉय, विशाल कुमार गुप्ता आदि ने अपना विचार रखा। श्रुति कुमारी, जितेंद्र कुमार, कामिनी कुमारी, सोनी देवी का सहयोग सराहनीय रहा।






