Bihar Assembly Monsoon session: बिहार विधानसभा के मानसून सत्र के दूसरे दिन एक तरफ जहां आरजेडी और कांग्रेस के विधायक काला कपड़ा पहनकर वोटर लिस्ट वेरिफिकेशन का विरोध कर रहे थे तो वहीं दूसरी तरह ओवैसी की पार्टी के एक मात्र विधायक ने सरकार के खिलाफ अलग ही मोर्चा खोल रखा था। सदन की कार्यवाही से पहले एआईएमआईएम के विधायक अख्तरुल इमान सरकार से अपराध पर सवाल पूछते नजर आए।
बिहार एआईएसआईएम के प्रदेश अध्यक्ष और ओवैसी की पार्टी के एक मात्र विधायक अख्तरुल इमान ने कहा कि नीतीश कुमार जो खुद के मिस्टर क्लिन कहते हैं और सुशासन का दावा करते हैं, उन्होंने दावा किया था कि बिहार में क्राइम, करप्शन और कॉमनलिज्म को बर्दाश्त नहीं करेंगे लेकिन नीतीश कुमार की नाव अब डूबने को है।
उन्होंने कहा कि बिहार में अपराधी आतंक मचा रहे हैं लेकिन नीतीश कुमार की पुलिस पगु बनी हुई है। नीतीश कुमार का सुशासन का दावा कहां गया? ग्रामीण क्षेत्रों की बात तो दूर है राजधानी पटना में उनके नाक के नीचे गोलियां चलती हैं। पुलिस कस्टडी में इलाज करा रहे शख्स को गोली मारकर हत्या कर दी जा रही है। क्या सरकार का इकबाल खत्म हो गया है। इसलिए नीतीश कुमार को मुख्यमंत्री की कुर्सी पर बैठने का कोई हक नहीं है।
ओवैसी के विधायक ने कहा कि सीमांचल के इलाके में किसानों की फसलों के साथ साथ उनके मवेशियों की चोरी हो रही है। चोरी और डकैती की घटनाएं हो रही हैं लेकिन सुशासन की पुलिस इन घटनाओं को नहीं रोक पा रही है। शराबबंदी कानून लागू है लेकिन खुलेआम शराब की बिक्री हो रही है। छोटे-छोटे बच्चों को चरस और गांजा का लत लगा दिया गया है। स्मैक पीने के लिए बच्चे चोरी की घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं।
रिपोर्ट- प्रिंस कुशवाहा, पटना


