Hindi News / bihar / patna-news / Patna Zoo : 5 साल बाद पटना जू में लौटेगी Toy Train! बच्चों...

Patna Zoo : 5 साल बाद पटना जू में लौटेगी Toy Train! बच्चों के लिए खास बैटरी ट्रेन, 15 करोड़ से बदलेगा पूरा नजारा

पटना जू में 5 साल बाद फिर से Toy Train सेवा शुरू होने जा रही है। जुलाई से 3.5 किलोमीटर लंबे ट्रैक का निर्माण शुरू होगा। बैटरी चालित ट्रेन में चार आकर्षक बोगियां होंगी, जिससे दर्शकों का सफर और खास बनेगा।

1st Bihar Published by: First Bihar Updated May 25, 2026, 10:01:55 AM

Patna Zoo : 5 साल बाद पटना जू में लौटेगी Toy Train! बच्चों के लिए खास बैटरी ट्रेन, 15 करोड़ से बदलेगा पूरा नजारा

- फ़ोटो

Patna Zoo : राजधानी के मशहूर संजय गांधी जैविक उद्यान यानी पटना जू घूमने आने वाले लोगों के लिए जल्द ही एक बड़ी सौगात मिलने वाली है। करीब पांच साल से बंद पड़ी ट्वाय ट्रेन सेवा को फिर से शुरू करने की तैयारी तेज हो गई है। जू प्रशासन ने इसके लिए नई योजना पर काम शुरू कर दिया है और जुलाई महीने से ट्रैक बिछाने का काम भी शुरू होने जा रहा है। खास बात यह है कि इस बार ट्रेन को पहले से ज्यादा सुरक्षित और आधुनिक बनाया जाएगा।


जानकारी के अनुसार, पटना जू में करीब 3.5 किलोमीटर लंबा नया नैरो गेज ट्रैक बिछाया जाएगा। इस काम को पूरा करने में लगभग चार से पांच महीने का समय लग सकता है। अगर सब कुछ तय योजना के अनुसार चला, तो साल 2026 के अंत तक दर्शकों को फिर से जू में ट्रेन की सवारी करने का मौका मिल जाएगा।


जू प्रशासन की ओर से बताया गया है कि इस नई ट्वाय ट्रेन को बैटरी से चलाया जाएगा। पर्यावरण को ध्यान में रखते हुए इसे पूरी तरह इको-फ्रेंडली बनाया जा रहा है। ट्रेन में चार आकर्षक बोगियां होंगी, जिन्हें खास तौर पर बच्चों और परिवारों को ध्यान में रखकर डिजाइन किया जा रहा है। ट्रेन का लुक पहले से ज्यादा मॉडर्न और रंगीन होगा ताकि जू घूमने आने वाले लोगों का अनुभव और बेहतर बन सके।


इस पूरे प्रोजेक्ट पर करीब 15 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इसमें ट्रैक निर्माण, इंजन, बोगियां और अन्य तकनीकी सुविधाएं शामिल हैं। जू प्रशासन का कहना है कि पुराने ट्रैक में कई तकनीकी खामियां थीं, जिसकी वजह से ट्रेन सेवा को बंद करना पड़ा था। खासकर जिराफ इनक्लोजर के पास ट्रैक में काफी तीखा मोड़ था, जिससे ट्रेन के डिरेल होने का खतरा बना रहता था। इसी वजह से विशेषज्ञों ने इस बार अधिक चौड़ी और मजबूत पटरी लगाने का फैसला लिया है, ताकि सुरक्षा के साथ ट्रेन का संचालन हो सके।


दरअसल, पटना जू की ट्वाय ट्रेन पिछले पांच सालों से बंद पड़ी है। पुराने ट्रैक के कई हिस्सों में स्लीपर टूट चुके थे। कई जगहों पर पटरी धंसने लगी थी, जिससे ट्रेन के पलटने और यात्रियों के घायल होने का खतरा बढ़ गया था। सुरक्षा कारणों को देखते हुए प्रशासन ने ट्रेन का परिचालन रोक दिया था।


ट्वाय ट्रेन बंद होने के बाद दर्शकों की सुविधा के लिए जू में ट्रैकलेस ट्रेन चलाई गई थी। यह सड़क पर चलने वाली छोटी ट्रेन थी, जिसे खासकर बच्चों ने काफी पसंद किया था। लेकिन तकनीकी कारणों और रखरखाव की समस्याओं के चलते वह सेवा भी लंबे समय से बंद पड़ी है।


पटना जू में हर दिन पांच से दस हजार तक पर्यटक पहुंचते हैं। छुट्टियों और त्योहारों के दौरान यह संख्या और बढ़ जाती है। ऐसे में ट्रेन सेवा दोबारा शुरू होने से बच्चों, बुजुर्गों और परिवारों को जू घूमने में काफी सुविधा मिलेगी। माना जा रहा है कि नई ट्वाय ट्रेन पटना जू का सबसे बड़ा आकर्षण बनने वाली है और इससे पर्यटकों की संख्या में भी इजाफा होगा।