Bihar Election 2025: सोमवार शाम दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास शाम 6:52 बजे हुए जोरदार धमाके ने पूरे देश में सुरक्षा चिंताओं को बढ़ा दिया है। बिहार में विधानसभा चुनाव 2025 के दूसरे चरण से ठीक पहले यह घटना प्रशासन के लिए चेतावनी बन गई। बिहार पुलिस मुख्यालय ने राज्य के सभी जिलों को हाई अलर्ट पर रखा है। पुलिस अधीक्षकों को निर्देश दिए गए हैं कि वे भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों और संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाएं और किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई करें। पहले से ही 20 जिलों में चुनावी सुरक्षा के लिए अलर्ट था, अब शेष 18 जिलों में भी सघन सतर्कता का आदेश जारी किया गया है।
बिहार विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण में आज 11 नवंबर को 20 जिलों की 122 सीटों पर मतदान होना है। केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के डीजी ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह सोमवार को बिहार सेक्टर मुख्यालय पहुंचे और राज्य पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में डीजी ने केंद्रीय बलों को भयमुक्त और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने का संकल्प दिलाया।
दूसरे चरण में कुल 1650 सीएपीएफ कंपनियां तैनात की गई हैं। ये बल संवेदनशील क्षेत्रों और मतदान केंद्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे। डीजी ने मतदान केंद्रों पर बलों की तैनाती, संवेदनशील इलाकों में चौकसी, मतदान कर्मियों की सुरक्षा और मतदान सामग्री की उपलब्धता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।
सीआरपीएफ बिहार सेक्टर के आईजी राजकुमार ने बताया कि सभी बलों की अग्रिम तैनाती पूरी कर दी गई है और अधिकारी अपने क्षेत्रों में सतर्क हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी अप्रिय घटना को रोकने और मतदाताओं को सुरक्षित मतदान का माहौल देने के लिए हर संभव कदम उठाए जा रहे हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि दिल्ली धमाके के बाद सुरक्षा अलर्ट बढ़ाना बेहद जरूरी था। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध वस्तु या व्यक्ति की जानकारी तुरंत पुलिस को दें। सभी पुख्ता तैयारियों और केंद्रीय बलों की सतर्कता के बीच, बिहार के मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग सुरक्षित और भयमुक्त माहौल में कर पाएंगे।
निर्वाचन आयोग ने भी सुनिश्चित किया है कि मतदान प्रक्रिया पूरी निष्पक्षता, पारदर्शिता और सुरक्षा के साथ संपन्न हो। मतदान केंद्रों पर वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांग और गर्भवती महिलाओं के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। बूथों पर ईवीएम और वीवीपैट मशीनों की तैयारी, सुरक्षा बलों की तैनाती और तकनीकी निगरानी से मतदान का सुरक्षित और शांतिपूर्ण माहौल सुनिश्चित किया गया है।
यह सुनिश्चित करता है कि बिहार के मतदाता अपने लोकतांत्रिक अधिकार का प्रयोग बिना किसी डर के कर सकें और चुनावी प्रक्रिया में भरोसा और सुरक्षा का अनुभव करें।





