बिहार की मशहूर मुजफ्फरपुर लीची को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक बड़ी कामयाबी मिली है। दुबई की प्रमुख कंपनी लुलु ग्रुप ने मुजफ्फरपुर लीची के लिए अब तक का सबसे बड़ा ऑर्डर दिया है। यह पहली बार है जब लीची को शिप (जलमार्ग) से दुबई भेजा जाएगा, जिससे इसकी मात्रा कई गुना बढ़ सकेगी।
बिहार लीची एसोसिएशन के अध्यक्ष बच्चा प्रसाद सिंह ने जानकारी दी कि अब तक लीची हवाई मार्ग से सीमित मात्रा में ही विदेश भेजी जाती थी, लेकिन शिपिंग की सुविधा मिलने से अब अधिक मात्रा में लीची एक्सपोर्ट की जा सकेगी। उन्होंने बताया कि दुबई की कंपनी लुलु ग्रुप के अधिकारी संतोष मैथुज ने ईमेल के जरिए यह ऑर्डर भेजा है। उनका कहना है कि चीन की लीची अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसलिए सफल है क्योंकि वह कंटेनर के जरिए शिप से भेजी जाती है, जबकि बिहार की लीची स्वाद और आकार में उससे कहीं बेहतर है।
उन्होंने आगे कहा कि कोलकाता बंदरगाह से कंटेनर के जरिए लीची भेजने की तैयारी जोरों पर है और किसान व व्यापारी दोनों को इससे बड़ा मुनाफा होने की उम्मीद है। कंटेनर की उपलब्धता की पुष्टि भी एसोसिएशन द्वारा कर दी गई है।
19 और 20 मई को पटना में होगा बड़ा सम्मेलन: इस बीच, एपीडा की ओर से पटना में 19 और 20 मई को क्रेता-विक्रेता बैठक आयोजित की जा रही है, जिसमें देश-विदेश के व्यापारी हिस्सा लेंगे। इस बैठक का मकसद बिहार के कृषि उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय बाजार में पहुंचाना है।
मोही ग्रुप, लखनऊ के दीपक मिश्रा ने कहा कि पिछले साल खाड़ी देशों में 20 टन लीची हवाई मार्ग से भेजी गई थी। इस बार 50 टन लीची भेजने की योजना है और अगर शिप का विकल्प सक्रिय हो जाए तो यह आंकड़ा और भी बढ़ सकता है। यह कदम बिहार के लीची किसानों के लिए एक नई आर्थिक दिशा और वैश्विक पहचान का मार्ग खोल सकता है।




