1st Bihar Published by: First Bihar Updated Apr 21, 2026, 9:21:16 PM
38 पुलिस कर्मियों का तबादला - फ़ोटो सोशल मीडिया
PATNA: बिहार सरकार और पुलिस मुख्यालय ने राज्य की कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़, पारदर्शी और कार्यकुशल बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। प्रशासनिक खेमे में हलचल तेज करते हुए, पुलिस मुख्यालय के कार्मिक एवं कल्याण प्रभाग ने बड़े पैमाने पर पुलिस पदाधिकारियों के स्थानांतरण का आदेश जारी किया है। इस फेरबदल के तहत पुलिस निरीक्षक (इंस्पेक्टर), पुलिस अवर निरीक्षक (सब-इंस्पेक्टर), और सहायक अवर निरीक्षक (ASI) स्तर के दर्जनों अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
स्थानांतरण समिति की उच्चस्तरीय बैठक का फैसला
विभागीय जानकारी के अनुसार, यह महत्वपूर्ण निर्णय 21 अप्रैल, 2026 को आयोजित स्थानांतरण समिति की बैठक में लिया गया। समिति ने विभिन्न जिलों और इकाइयों में तैनात अधिकारियों के प्रदर्शन और राज्य की वर्तमान सुरक्षा आवश्यकताओं की समीक्षा के बाद स्थानांतरण की इस सूची पर मुहर लगाई। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि सभी संबंधित अधिकारी अविलंब अपनी पुरानी तैनाती छोड़कर नए पदस्थापन स्थल पर योगदान देंगे, ताकि जनहित और विभागीय कार्यों में कोई बाधा न आए।
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो: (Vigilance) पर विशेष ध्यान
इस तबादले की सबसे बड़ी और उल्लेखनीय बात यह है कि बड़ी संख्या में अनुभवी पुलिस अधिकारियों को 'निगरानी अन्वेषण ब्यूरो' (Vigilance Investigation Bureau) में प्रतिनियुक्त किया गया है। सरकारी महकमे में भ्रष्टाचार पर नकेल कसने और लंबित जांचों को तेजी से पूरा करने के उद्देश्य से इसे एक रणनीतिक बदलाव माना जा रहा है। अस्मित कुमार, अरुण कुमार सिंह और राजेश चौधरी जैसे कई तेज-तर्रार निरीक्षकों को इस महत्वपूर्ण इकाई में भेजा गया है।
व्यापक क्षेत्रीय बदलाव और नई चुनौतियां:
स्थानांतरण की इस प्रक्रिया में क्षेत्रीय संतुलन का भी विशेष ध्यान रखा गया है। मुजफ्फरपुर, किशनगंज, गोपालगंज, औरंगाबाद, बक्सर, नालंदा और बेगूसराय जैसे महत्वपूर्ण जिलों से अधिकारियों को हटाकर अन्य संवेदनशील क्षेत्रों या राज्य स्तरीय विशेष इकाइयों में तैनात किया गया है। इसके अलावा, सूची में हवलदार और चालक सिपाही स्तर के कर्मियों को भी शामिल किया गया है, ताकि थानों और पुलिस लाइनों की परिचालन क्षमता को बढ़ाया जा सके।



मनोज कुमार की रिपोर्ट