1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Jul 14, 2026, 10:39:32 AM
बंटी यादव हत्याकांड में कार्रवाई - फ़ोटो Google
Patna Police News: पटना के चर्चित बंटी यादव हत्याकांड में बड़ी कार्रवाई हुई है। एसपी ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है। निलंबित किए गए पुलिसकर्मियों में एएसआई प्रवीण कुमार पंकज, अवधेश कुमार, वीर बहादुर सिंह और गृह रक्षक सुदर्शन प्रसाद शामिल हैं।
यह कार्रवाई पटना सेंट्रल एसपी ममता कल्याणी ने की है। घटना के समय ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों ने लापरवाही बरती। निलंबन अवधि के दौरान सभी का मुख्यालय नवीन आरक्षी पुलिस केंद्र, पटना रहेगा। सभी निलंबित पदाधिकारियों और कर्मी को तीन दिनों के अंदर अपना स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया गया है।
पुलिस के अनुसार, 6 जुलाई की रात जब बंटी यादव का अपहरण हुआ था, उस समय सभी निलंबित पुलिसकर्मी घटनास्थल के करीब 100 मीटर के दायरे में मौजूद थे। उनकी ड्यूटी गश्ती और डायल-112 में लगी थी। इसके बावजूद उन्हें घटना की जानकारी नहीं मिल सकी। इसे ड्यूटी के दौरान गंभीर लापरवाही मानते हुए विभाग ने यह कार्रवाई की है।
पटना जंक्शन स्थित महावीर मंदिर के पास से 6 जुलाई को बंटी यादव का अपहरण किया गया था। अपहरण के पांचवें दिन 11 जुलाई को उसका शव पटना से करीब 60 किलोमीटर दूर अथमलगोला में बरामद हुआ था। शव की स्थिति बेहद खराब थी। बंटी का चेहरा बुरी तरह क्षतिग्रस्त था, जिससे आंख और नाक की पहचान करना मुश्किल था।
उसके शरीर पर चोट के कई निशान मिले थे। बाएं हाथ की स्थिति सामान्य थी, जबकि दाहिने हाथ की केवल हड्डी बची थी। जांच में सामने आया कि बंटी के दाहिने हाथ पर टैटू बना हुआ था, जिसे हत्या के बाद बदमाशों ने किसी नुकीली चीज से गोदकर मिटाने की कोशिश की। उसके हाथ में एक कड़ा भी था, जो पोस्टमॉर्टम के दौरान नहीं मिला।
पोस्टमॉर्टम करने वाले डॉ. अजय कुमार सिंह ने बताया कि युवक की पीट-पीटकर बेरहमी से हत्या की गई थी। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में गोली लगने या शरीर में छर्रे मिलने की पुष्टि नहीं हुई है। बंटी यादव हत्याकांड के मुख्य आरोपी समेत नामजद आरोपियों की अब तक गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है।