1st Bihar Published by: Updated Nov 13, 2019, 3:16:56 PM
- फ़ोटो
DELHI: सत्ता में रहने के बाद राजनीतिक दलों पर देश की कंपनियां पैसे की बरसात कराती है. जो पार्टी सत्ता से बाहर होती है उसकी तरफ ये कंपनियां ध्यान ही नहीं देती और उस पार्टी की आर्थिक स्थिति खराब हो जाती है.केंद्र में सत्ता चला रही बीजेपी को एक साल के अंदर 800 करोड़ रुपए चंदा मिला है. वही, सत्ता से बेदखल कांग्रेस को मात्र 146 करोड़ रुपए मिला है.
सबसे अधिक टाटा ने दिया चंदा
बीजेपी ने चुनाव आयोग को जानकारी दी है कि उसे ऑन लाइन और चेक के माध्यम से एक साल में 800 करोड़ रुपए चंदा मिला है. इसमें टाटा कंपनी की प्रोग्रेसिव इलेक्टोरल ट्रस्ट ने 356 करोड़ दिया है. द प्रूडेंट इलेक्टोरल ट्रस्ट ने भाजपा को 67 करोड़ चंदा दिया है. इस ट्रस्ट को कई कॉरपोरेट घरानों का समर्थन मिला हुआ है.
टाटा के बाद इन कंपनियों ने भी दिल खोलकर दिए करोड़ रुपए
टाटा के बाद बीजेपी को आईटीसी ने 23 करोड़, मॉडर्न रोड मेकर्स कंपनी ने 15 करोड़, बीजी शिरके कंस्ट्रक्शन टेक्नोलॉजी ने 15 करोड़, हीरो ग्रुप ने 12 करोड़, आदि एंटरप्राइजेज ने 10 करोड़, निरमा ने 5 करोड़, जेवी होल्डिंग्स ने 5 करोड़, सोम डिस्टलरीज ने सवा 4 करोड़, लोढ़ा डेवलपर्स ने 4 करोड़, प्रगति समूह ने सवा तीन करोड़ समेत कई कंपनियों ने पैसा भाजपा को चंदे के रूप में दी है.