भारत की सबसे बड़ी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज (Reliance Industries) ने एक और ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करते हुए दुनिया के सबसे बड़े ब्रांड्स को पीछे छोड़ दिया है। फ्यूचरब्रांड इंडेक्स 2024 की नई रैंकिंग में रिलायंस को दुनिया की दूसरी सबसे प्रभावशाली कंपनी का दर्जा मिला है। इस लिस्ट में रिलायंस ने Apple, Microsoft, Netflix, Disney, Intel और Toyota जैसी दिग्गज कंपनियों को पछाड़ दिया है।
11 पायदान की जबरदस्त छलांग
पिछले साल यह कंपनी 13वें स्थान पर थी, लेकिन इस साल सीधे 11 पायदान ऊपर चढ़कर रिलायंस ने दूसरा स्थान हासिल कर लिया। टॉप पर दक्षिण कोरियाई टेक दिग्गज Samsung काबिज है, लेकिन रिलायंस की यह उपलब्धि न केवल भारत बल्कि पूरे एशिया के लिए गर्व की बात है।
कैसे तय होती है यह रैंकिंग?
फ्यूचरब्रांड इंडेक्स उन कंपनियों को रैंक करता है जो सिर्फ मुनाफे के आधार पर नहीं, बल्कि ब्रांड वैल्यू, मार्केट की समझ, इनोवेशन, भविष्य की योजनाएं और उपभोक्ता विश्वास जैसे कई अहम कारकों पर टिकी होती हैं। पारंपरिक रैंकिंग जहां कंपनियों के राजस्व और बाजार पूंजीकरण पर निर्भर होती है, वहीं फ्यूचरब्रांड इंडेक्स यह देखता है कि कंपनियां किस तरह से बदलती दुनिया में खुद को ढालती हैं और आगे बढ़ती हैं। इस इंडेक्स में उन ब्रांड्स को तवज्जो दी जाती है जो न सिर्फ वर्तमान में मजबूत हैं, बल्कि भविष्य के लिए भी खुद को मजबूती से स्थापित कर रहे हैं।
रिलायंस की सफलता का रहस्य
मुकेश अंबानी की अगुवाई में रिलायंस इंडस्ट्रीज सिर्फ तेल और गैस सेक्टर तक सीमित नहीं रही, बल्कि उसने टेलीकॉम (Jio), रिटेल (Reliance Retail), ई-कॉमर्स, ग्रीन एनर्जी और डिजिटल इनोवेशन में भी जबरदस्त पकड़ बनाई है।
रिलायंस के इस ऊंचे मुकाम पर पहुंचने की कुछ अहम वजहें:
- डिजिटल क्रांति: जियो (Jio) ने भारतीय टेलीकॉम सेक्टर में जो बदलाव लाया, वह पूरी दुनिया में एक केस स्टडी बन गया।
- विविधता: कंपनी सिर्फ तेल या टेलीकॉम तक सीमित नहीं, बल्कि क्लीन एनर्जी, टेक्नोलॉजी और उपभोक्ता बाजार तक अपनी जड़ें फैला रही है।
- वैश्विक विस्तार: रिलायंस अब सिर्फ भारतीय ब्रांड नहीं, बल्कि एक ग्लोबल ब्रांड के रूप में उभर रहा है, जिसका प्रभाव अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी देखा जा सकता है।
- स्ट्रेटेजिक इनोवेशन: रिलायंस हर बदलाव को भांपकर नई रणनीतियों के साथ बाजार में खुद को स्थापित करता है, जिससे वह लगातार आगे बढ़ता रहता है।





