Hindi News / bihar / rohtas-news / 20 अप्रैल को बेटों की बारात निकलनी थी, उससे पहले उठ गई पिता...

20 अप्रैल को बेटों की बारात निकलनी थी, उससे पहले उठ गई पिता की अर्थी… मजदूरी मांगने पर मजदूर की पीट-पीटकर हत्या

Bihar Crime News: बिहार के सासाराम से एक दर्दनाक मामला सामने आया है, जहां एक मजदूर की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि मजदूरी मांगने पर उसके साथ मारपीट की गई। इस घटना के बाद...

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Apr 09, 2026, 4:37:44 PM

20 अप्रैल को बेटों की बारात निकलनी थी, उससे पहले उठ गई पिता की अर्थी… मजदूरी मांगने पर मजदूर की पीट-पीटकर हत्या

- फ़ोटो

Bihar Crime News: बिहार के सासाराम में मजदूरी मांगना एक मजदूर को इतना भारी पड़ गया कि उसे अपनी जान गंवानी पड़ी। हिलसा थाना क्षेत्र के मोनिंदपुर गांव निवासी राजेश मांझी की कथित तौर पर ईंट भट्ठा मालिक और उसके बेटों ने इतनी बेरहमी से पिटाई की कि इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। इस घटना ने न सिर्फ एक परिवार का सहारा छीन लिया, बल्कि उस घर की खुशियां भी मातम में बदल दीं, जहां कुछ ही दिनों बाद शहनाइयां बजने वाली थीं।


मृतक राजेश मांझी, नंदू मांझी के 32 वर्षीय पुत्र थे और पिछले तीन महीनों से अपने परिवार के साथ सासाराम जिले के अरवल गांव स्थित एक ईंट भट्ठा पर मजदूरी कर रहे थे। परिजनों का आरोप है कि तीन महीने तक लगातार काम कराने के बावजूद भट्ठा संचालक ने मजदूरी का भुगतान नहीं किया। जब राजेश ने मेहनत की कमाई मांगी, तो मालिक और उसके बेटे आगबबूला हो गए।


बताया जा रहा है कि दो दिन पहले मजदूरी मांगने को लेकर विवाद बढ़ गया। आरोप है कि ईंट भट्ठा संचालक, उसके पुत्रों और कुछ सहयोगियों ने मिलकर राजेश मांझी को घेर लिया और लाठी-डंडों, जूतों से बेरहमी से पीटना शुरू कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, राजेश को तब तक मारा गया जब तक वह अधमरा होकर जमीन पर नहीं गिर पड़ा।


गंभीर हालत में परिजन उसे पहले स्थानीय अस्पताल ले गए, लेकिन हालत बिगड़ने पर डॉक्टरों ने पटना के एनएमसीएच रेफर कर दिया। वहां इलाज के दौरान बुधवार देर रात राजेश ने दम तोड़ दिया। उसकी मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया।


सबसे मार्मिक बात यह है कि राजेश मांझी के दो बेटों—सूरज और विकास—की शादी इसी महीने 20 अप्रैल को तय थी। घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं, कार्ड बंट चुके थे, रिश्तेदारों को न्योते भेजे जा चुके थे। लेकिन पिता की मौत ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। जिन बेटों की बारात निकलनी थी, अब वे अपने पिता की अर्थी के सामने बिलख रहे हैं।


परिजनों ने आरोप लगाया है कि घटना के बाद जब वे शिकायत लेकर स्थानीय थाना पहुंचे, तो उनकी प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई। उन्होंने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि अगर समय पर कार्रवाई होती, तो शायद आरोपियों की गिरफ्तारी जल्दी हो सकती थी। बाद में उन्होंने डीएसपी को भी आवेदन दिया, लेकिन वहां से भी तत्काल कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।


आखिरकार न्याय की गुहार लेकर परिजन शव के साथ हिलसा थाना पहुंचे। मामले की गंभीरता को देखते हुए हिलसा थानाध्यक्ष अभिजीत कुमार ने बताया कि इस प्रकरण में जीरो एफआईआर दर्ज कर केस अरवल थाना भेज दिया गया है, क्योंकि घटना वहीं की है। शव का पोस्टमार्टम पटना में कराया जा रहा है और रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।