Bihar News: बिहार सरकार ने आज (1 अप्रैल) से पूरे राज्य में अतिक्रमण हटाओ अभियान शुरू करने का फैसला किया है। पटना हाई कोर्ट से आदेश मिलने के बाद राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के प्रधान सचिव सीके अनिल ने सभी डीएम, एडिशनल कलेक्टर्स, भूमि सुधार डिप्टी कलेक्टर्स, अनुमंडल पदाधिकारियों और अंचल अधिकारियों को सख्त निर्देश भेजे हैं।
जारी निर्देश में कहा गया है कि बिहार लोक भूमि अतिक्रमण अधिनियम, 1956 की धारा 6(1) के तहत विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। पटना हाई कोर्ट के कई मामलों में अतिक्रमण हटाने के स्पष्ट आदेश दिए गए हैं, जिनका पालन अनिवार्य है।
सरकार ने भारत-नेपाल सीमा से सटे सात जिलों के नो मैन्स लैंड में अतिक्रमण मामलों को गंभीरता से लिया है। इन इलाकों में सर्वे ऑफ इंडिया के सहयोग से सीमांकन हेतु संयुक्त सर्वेक्षण कार्यक्रम चलाया जा रहा है। प्राथमिकता के आधार पर इन क्षेत्रों में कार्रवाई की जाएगी।
साथ ही बिहार सरकार ने मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए कहा है कि गरीब और असहाय लोग अक्सर सार्वजनिक जगहों पर जीवन-यापन करते हैं। इसलिए अतिक्रमण हटाने से पहले पुनर्वास और वैकल्पिक वेंडिंग जोन की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी, ताकि लोगों के रोजगार पर प्रतिकूल प्रभाव न पड़े।

