Bihar Weather: बिहार में इन दिनों बारिश ने ऐसा कहर बरपाया है कि सड़कें-रेलवे ट्रैक सब पानी-पानी हो गए हैं। पटना, रोहतास, सारण, सीवान जैसे जिलों में पिछले 24 घंटों से जोरदार बौछारें पड़ रही हैं, जिससे स्कूल बंद हो गए और फसलें बर्बाद हो रही हैं। छपरा में तो कॉलेजों तक में पानी घुस आया है। ऐसे में अब मौसम विभाग ने पश्चिम चंपारण, गया और कैमूर जैसे जिलों में रेड अलर्ट जारी कर दिया है। कई इलाकों में लोग घरों में कैद हैं और उनका बाहर निकलना मुश्किल है।
मौसम विभाग के मुताबिक ये बारिश पश्चिमी झारखंड, दक्षिण बिहार, उत्तर प्रदेश और छत्तीसगढ़ के आसपास बने निम्न दबाव क्षेत्र की वजह से हो रही है। ये सिस्टम उत्तर-पूर्व बिहार की तरफ बढ़ रहा है और 12 घंटे में बारिश और तेज हो सकती है। आगे भी बिजली चमकना, गरजना और तेज हवाएं चलने का खतरा बना हुआ है। इसके अलावा पूर्वोत्तर अरब सागर में चक्रवात 'शक्ति' 18 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से पश्चिम की ओर बढ़ रहा है। ये आज तक पश्चिम मध्य अरब सागर पहुंच जाएगा और ऐसे में अब इसका असर बिहार पर भी जमकर पड़ रहा है। IMD की मानें तो ये सिस्टम बंगाल की खाड़ी के एक डीप डिप्रेशन से जुड़ा है जो वर्तमान में ओडिशा तट से गुजर रहा था।
पटना में आज सुबह भी काले बादल छाए रहे और कई इलाकों में हल्की फुहारें गिरीं। पूरे दिन रुक-रुककर तेज बारिश भी होती रही। तापमान सामान्य से 2-3 डिग्री कम हो गया है लेकिन नमी ने लोगों को परेशान किया है। बाकी जिलों में भी यही हाल है.. अररिया, मधेपुरा, सुपौल जैसे पूर्वी जिलों में बहुत भारी बारिश की चेतावनी है। नदियों का जलस्तर बढ़ रहा है और लोगों को बाढ़ का डर भी सता रहा है।
IMD का अनुमान है कि ये सब 6 अक्टूबर तक चलेगा। उसके बाद धीरे-धीरे सुधार होगा, लेकिन 7 अक्टूबर तक हल्की-मध्यम बारिश बनी रह सकती है। विभाग ने सलाह दी है कि लोग बाहर कम निकलें, जितनी हो सके फसलें बचाएं और मौसम विभाग के अलर्ट पर नजर रखें।




