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दक्षिण बिहार बन रहा ग्रीन एनर्जी का हब, इन तीन जिलों में तेजी से बढ़ रहे सोलर प्रोजेक्ट

Bihar Solar Energy: बिहार में ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा मिल रहा है, जहां गया, बांका और औरंगाबाद समेत कई जिलों में सोलर पावर प्रोजेक्ट तेजी से विकसित हो रहे हैं। राज्य में कुल 367.1 मेगावाट क्षमता की सोलर यूनिटों पर काम जारी है।

1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Jun 27, 2026, 2:22:44 PM

Bihar Solar Energy

प्रतिकात्मक तस्वीर - फ़ोटो Google

Bihar Solar Energy: बिहार धीरे-धीरे ग्रीन एनर्जी के क्षेत्र में मजबूत केंद्र के रूप में उभर रहा है। खासकर दक्षिण बिहार के गया, बांका और औरंगाबाद जैसे जिलों में बड़े पैमाने पर सोलर पावर प्रोजेक्ट विकसित किए जा रहे हैं। राज्य में फिलहाल कुल 367.1 मेगावाट क्षमता की सोलर यूनिटों पर काम चल रहा है।


अब तक की सबसे बड़ी सोलर यूनिट लखीसराय जिले के कजरा में स्थापित है, जिसकी क्षमता 185 मेगावाट है। यह कजरा की पहली बड़ी सोलर परियोजना है और इसे राज्य की प्रमुख ग्रीन एनर्जी उपलब्धि माना जा रहा है।


बिजली कंपनी के अनुसार, दक्षिण बिहार में सोलर ऊर्जा परियोजनाओं की संख्या अपेक्षाकृत अधिक है। गया जिले के शेरघाटी में 10 मेगावाट क्षमता की यूनिट पर काम चल रहा है। इसके अलावा आमस में 15 मेगावाट और 10 मेगावाट की अलग-अलग परियोजनाएं विकसित की जा रही हैं, जबकि बहेरा में 15 मेगावाट की यूनिट स्थापित होने वाली है।


नवादा जिले के अकबरपुर में 10 मेगावाट और दरियापुर में 3 मेगावाट की सोलर यूनिट पर काम जारी है। वहीं औरंगाबाद में 20 मेगावाट क्षमता की सोलर यूनिट विकसित की जा रही है। पटना जिले के बिक्रम में नहर किनारे 2 मेगावाट की यूनिट पहले से ही कमीशंड है।


उत्तर बिहार में भी सोलर ऊर्जा परियोजनाओं का विस्तार हो रहा है। पश्चिम चंपारण के रामनगर में 5 मेगावाट और मुडेरा में 10 मेगावाट क्षमता की यूनिट पर काम चल रहा है। दरभंगा के मुंदरपुर में 1.6 मेगावाट और सुपौल में 0.5 मेगावाट क्षमता का फ्लोटिंग सोलर पावर प्रोजेक्ट विकसित किया जा रहा है।


बांका जिला सोलर ऊर्जा के क्षेत्र में दूसरा बड़ा केंद्र बनकर उभर रहा है, जहां 50 मेगावाट की एक बड़ी यूनिट पहले से स्थापित है। इसके अलावा 15 मेगावाट और 10 मेगावाट की दो और परियोजनाएं निर्माणाधीन हैं, जिससे कुल क्षमता 75 मेगावाट तक पहुंच जाएगी। बांका के बौंसी में भी 5 मेगावाट की अलग सोलर यूनिट स्थापित की गई है। कुल मिलाकर बिहार में ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा देने के लिए तेजी से सोलर परियोजनाओं का विस्तार हो रहा है, जिससे राज्य ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहा है।