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पथ निर्माण विभाग के OPRMC में Cold Mix की ‘गुपचुप एंट्री से बवाल, विधायक से लेकर अन्य लोगों ने सचिव को पत्र लिखकर खोली पोल, क्या पहले से तय है ठेकेदार ?

पथ निर्माण विभाग की OPRMC-3 योजना में ‘Cold Mix Treatment’ को Specific Experience की शर्त में शामिल किए जाने पर विवाद खड़ा हो गया है। डेहरी विधायक राजीव रंजन सिंह उर्फ सोनू सिंह ने विभाग को पत्र लिखकर इसका विरोध किया है।

1st Bihar Published by: Viveka Nand Updated Jun 19, 2026, 3:09:18 PM

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AI से सांकेतिक तस्वीर - फ़ोटो Google

Bihar News: पथ निर्माण विभाग में मास्टिक वर्क के बाद कोल्ड मिक्स पर बवाल मचा है. जैसे ही OPRMC-3 के Specific Experience में Cold MIX की चर्चा हुई, विवाद शुरू हो गया है. पथ निर्माण विभाग को पत्र लिखकर विरोध दर्ज किया जा रहा है. हालांकि विभाग ने अभी तक इस मुद्दे पर सफाई पेश नहीं किया है. कोल्ड मिक्स पर विभाग के स्टैंड का इंतजार है. 

OPRMC में कोल्ड मिक्स पर जारी है विवाद.... 

डेहरी के विधायक राजीव रंजन सिंह उर्फ सोनू सिंह ने पथ निर्माण विभाग के सचिव को 11 जून 2026 को पत्र लिखा . सचिव ने उसी दिन पत्र को अभियंता प्रमुख को भेज दिया. अभियंता प्रमुख ने अगले दिन 12 तारीख को आगे की कार्रवाई के लिए भेज दिया. विधायक ने कोल्ट मिक्स टर्म जोड़ने पर घोर आपत्ति दर्ज की. पत्र में कहा गया कि OPRMC-3 के तहत पथों के संधारण की निविदा शर्त में अवांछित परिवर्तन किया गया है.  बिटुमिनस कोल्ड मिक्स कार्य का प्रावधान करना गलत है. कुछ पैकेज में बिटुमिनस कोल्ड मिक्स कार्य 10% भी नहीं है, उस कार्य को पूरे पैकेज में Specific Experience की मांग करना गलत है. विभाग द्वारा कोल्ड मिक्स,मास्टिक वर्क को बिटुमिनस कार्य माना जाता है. ऐसी स्थिति में कोल्ड मिक्स को शर्त से अलख रखा जाए, और पूर्व से चले आ रहे एमबीडी की शर्तों को लागू की जाए। 

 मास्टिक वर्क की तरह कोल्ड मिक्स का खेल तो नहीं ? 

बिहार में पुराने पथों के संधारण को लेकर पथ निर्माण विभाग OPRMC-3 पर काम कर रहा है. हाल ही में इस प्रस्ताव को कैबिनेट ने एप्रुव किया है. OPRMC-3 में शामिल होने, ठेकेदारों के चयन करने को लेकर शर्तें बनाई गई है. OPRMC-3 के टेक्निकल बीड शीट के सीरियल नंबर-18 पर लिखे गए एक शब्द पर सभी की नजरें जाकर रूक जा रहीं. दरअसल, वो नया टर्म है. नए शब्द को पढ़ने के बाद पथ निर्माण विभाग में काम करने वाले ठेकेदार सशंकित हो रहे. कहीं मास्टिक वर्क जैसा खेल तो नहीं शुरू होने वाला है...किसी खास को फायदा पहुंचाने की को लेकर इस शब्द का प्रयोग तो नहीं किया गया ? ये तमाम सवाल दिमांग में कौंध रहे हैं. 

OPRMC-3 के टेक्निकल बीड के कॉलम 18 में दर्ज है Cold MIX treatment

OPRMC-3 के टेक्निकल बीड के 18 वें कॉलम में Specific Experience की चर्चा है. मतलब ठेकेदारों के विशिष्ट अनुभव का जिक्र है. इस कॉलम के सबसे निचली लाइन में  ''बिटुमिनस Cold MIX treatment: 50% of Estimated Quantities of any one Year which maximum value लिखा गया है''. COLD MIX  शब्द के प्रयोग के बाद चर्चा शुरू हो गई कि कहीं इसमें कोई बड़ा गेम तो नहीं ? इस Specific Experience के बहाने खास जगहों पर OPRMC के तहत खास ठेकेदारों को काम तो नहीं दिया जायेगा ? 

आरसीडी ठेकेदारों के मन में उठ रहे सवाल 

दरअसल, ये सवाल इसलिए खड़े हो रहे,क्योंकि 2020 से पूर्व पथ निर्माण विभाग में बिना कैबिनेट एप्रुवल के ही Specific Experience में 'मास्टिक वर्क' शब्द लाया गया था. मास्टिक वर्क अनुभव को लेकर लगातार सवाल उठते रहे. कई ठेकेदारों ने शिकायत दर्ज कराई. अंत में यह विवादित Specific Experience (मास्टिक वर्क) को वापस लिया गया. हालांकि तब तक इस आधार पर चहेते कंपनियों ने काफी लाभ लिया.  हालांकि इस संबंध में हमने पथ निर्माण विभाग के अभियंता प्रमुख से बात करने की कोशिश की. कई बार फोन किया, लेकिन अभियंता प्रमुख फोन पर उपलब्ध नहीं हो सके.

मास्टिक वर्क के खेल का 1st Bihar/Jharkhand ने किया था खुलासा 

दिसंबर 2025 में जब 1st Bihar/Jharkhand ने खुलासा किया कि चहेते ठेकेदारों पर मास्टिक वर्क सर्टिफिकेट के नाम पर मेहरबानी दिखाई जा रही है. भद्द पिटने के बाद पथ निर्माण विभाग ने मास्टिक वर्क को लेकर नया आदेश जारी किया. पथ निर्माण विभाग के अभियंता प्रमुख ने 8 जनवरी 2026 को सभी मुख्य अभियंता, बिहार राज्य पुल निर्माण निगम के प्रबंध निदेशक, रोड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन के मुख्य महाप्रबंधक, सभी अधीक्षण अभियंता और कार्यपालक अभियंताओं को पत्र लिखा.जिसमें कहा कि Mastic Asphalt को बिटुमिनस वर्क के अहर्ता में समाहित करते हुए कार्य अनुभव की मांग करने का निर्णय लिया गया है.

 Mastic Asphalt का  अलग अनुभव का खेल नहीं चलेगा  

अभियंता प्रमुख के पत्र में उल्लेख किया गया कि, वर्तमान समय में Mastic Asphalt के कार्य के लिए कुशल एवं दक्ष कामगार तथा यंत्र सयंत्र उपलब्ध हो जा रही है. जिससे Mastic Asphalt का कार्य कराने में कोई कठिनाई नहीं है. साथ ही इसकी लागत अधिकतर परियोजनाओं में परिमाण विपत्र के कुल लागत का अंश मात्र होती है। विभागीय पत्र 09.07. 2014 के कंडिका 5.8 में भी स्पष्ट रूप सेउल्लेख किया गया है कि अनुभव की शर्त केवल उन कार्यों के लिए ही रखी जाए जो Common एवं Major items of work की श्रेणी में आते हैं, जबकि minor items के अनुभव की अनदेखी की जा सकती है। इस आलोक में Mastic Asphalt को Bituminous Work के अहर्त्ता में समाहित करते हुए कार्य अनुभव की माँग करने का निर्णय लिया गया है। ऐसे में SBD की कंडिका 4.5 (A)(c) के तहत Bituminous Work के कार्य अनुभव की माँग इस प्रकार से की जाए :- Bituminous Work (DBM/BM/SDBC/BC/Mastic)..m3 (as per approved BOQ). 

सड़क निर्माण में क्या होता था मास्टिक वर्क....

सड़क निर्माण में Mastic Work बिटुमेन (डामर), खनिज भराव (जैसे चूना पत्थर), और समुच्चय (मोटे और महीन पत्थर) को मिलाकर बनाया गया एक विशेष, गर्म मिश्रण लगाने की प्रक्रिया है, जो सड़कों को बेहद टिकाऊ, जल-रोधी (waterproof) और टूट-फूट प्रतिरोधी बनाता है. ह अक्सर भारी यातायात वाली सड़कों और मरम्मत के लिए ऊपरी परत (wearing course) के रूप में इस्तेमाल होता है, जो दरारें भरने और जल निकासी सुधारने में मदद करता है, जिससे सड़क का जीवनकाल बढ़ता है। 

 संक्षेप में कहें कि, मास्टिक वर्क सड़क निर्माण का एक उन्नत तरीका है जो पारंपरिक डामर की तुलना में सड़क को अधिक मजबूत, जल-रोधी और लंबे समय तक चलने वाली सतह प्रदान करता है, खासकर उन जगहों पर जहाँ भारी यातायात और पानी का जमाव एक समस्या है।