1st Bihar Published by: First Bihar Updated Jun 18, 2026, 7:10:53 AM
Bihar news - फ़ोटो Ai photo
Bihar News : बिहार सरकार ने राज्य के लोगों के लिए एक नई तीर्थ यात्रा योजना शुरू करने का फैसला लिया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता वाली कैबिनेट ने सिंधु दर्शन तीर्थ यात्रा वित्तीय सहायता अनुदान योजना को मंजूरी दे दी है। इस योजना के तहत बिहार के स्थानीय निवासी लद्दाख की यात्रा करने वाले तीर्थ यात्रियों को आर्थिक सहायता दी जाएगी। सरकार की ओर से प्रति यात्री अधिकतम 20 हजार रुपये तक का अनुदान दिया जाएगा।
कैबिनेट के फैसले के अनुसार, हर साल 100 तीर्थ यात्रियों को इस योजना का लाभ दिया जाएगा। सरकार का उद्देश्य है कि बिहार के श्रद्धालुओं को देश के महत्वपूर्ण धार्मिक और सांस्कृतिक स्थलों की यात्रा में आर्थिक मदद मिल सके। लद्दाख स्थित सिंधु नदी के दर्शन को धार्मिक और ऐतिहासिक दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण माना जाता है।
श्रद्धालुओं को यात्रा खर्च में मिलेगी राहत
लद्दाख की यात्रा कई लोगों के लिए आस्था और पर्यटन दोनों से जुड़ी होती है, लेकिन दूरी और खर्च अधिक होने के कारण कई लोग वहां नहीं जा पाते हैं। बिहार सरकार की इस योजना से ऐसे श्रद्धालुओं को राहत मिलने की उम्मीद है। अनुदान राशि यात्रा से जुड़े खर्च को कम करने में मदद करेगी।
सरकार का मानना है कि धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने से लोगों को देश की संस्कृति और विरासत को करीब से जानने का अवसर मिलेगा। साथ ही इससे पर्यटन गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।
हेली टूरिज्म और एयर टूरिज्म योजना को भी मंजूरी
बिहार कैबिनेट ने पर्यटन क्षेत्र को मजबूत करने के लिए हेली टूरिज्म और एयर टूरिज्म योजना को भी मंजूरी दी है। इसके माध्यम से राज्य में पर्यटन के नए विकल्प विकसित करने की तैयारी है।
सरकार की कोशिश है कि बिहार में आने वाले पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं मिलें और राज्य के पर्यटन स्थलों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिले। हवाई सुविधाओं और आधुनिक पर्यटन सेवाओं के विस्तार से रोजगार के नए अवसर पैदा होने की भी उम्मीद जताई जा रही है।
पर्यटन और रोजगार को बढ़ावा देने की तैयारी
बिहार सरकार लगातार पर्यटन क्षेत्र में निवेश बढ़ाने पर जोर दे रही है। धार्मिक पर्यटन के साथ-साथ राज्य में ऐतिहासिक, प्राकृतिक और सांस्कृतिक स्थलों को विकसित करने की योजना बनाई जा रही है।
सिंधु दर्शन तीर्थ यात्रा योजना को इसी दिशा में एक कदम माना जा रहा है। सरकार का लक्ष्य है कि अधिक से अधिक लोग पर्यटन से जुड़ें और राज्य के विकास में योगदान दें।
कैबिनेट के इस फैसले के बाद अब योजना के तहत आवेदन, पात्रता और अनुदान प्राप्त करने की प्रक्रिया से संबंधित विस्तृत जानकारी जल्द जारी की जा सकती है।