1st Bihar Published by: Dhiraj Kumar Singh Updated Jun 01, 2026, 5:58:22 PM
एक विवाह ऐसा भी - फ़ोटो रिपोर्टर
JAMUI: बिहार के जमुई जिले में एक अनोखी प्रेम कहानी इन दिनों पूरे इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है। लक्ष्मीपुर प्रखंड के हरला गांव की रहने वाली 22 वर्षीया BPSC शिक्षिका नयनश्री ने अपनी ही फुफेरी बहन 23 वर्षीय राखी कुमारी से विवाह कर लिया। इस विवाह को संभव बनाने के लिए राखी ने करीब 6 महीने पहले जेंडर ट्रांजिशन की प्रक्रिया पूरी कर अपनी पहचान बदलकर राहुल रख ली। बताया जा रहा है कि इस प्रक्रिया में करीब 8 लाख रुपये खर्च हुए, जिसके लिए नयनश्री ने बैंक से लोन लिया था। बैंक से कर्ज लेकर उसने लिंग परिवर्तन किया।
मिली जानकारी के अनुसार, नयनश्री और राखी बचपन से एक-दूसरे को जानते थे। दोनों के परिवारों के बीच करीबी रिश्ते होने के कारण उनका एक-दूसरे के घर आना-जाना लगा रहता था। साथ खेलते, पढ़ते और समय बिताते हुए दोनों के बीच गहरा लगाव विकसित हुआ। वर्ष 2019 में दोनों ने साथ में मैट्रिक परीक्षा पास की और आगे की पढ़ाई भी साथ-साथ की। इसी दौरान उनका रिश्ता दोस्ती से आगे बढ़कर प्रेम में बदल गया। स्नातक की पढ़ाई के बाद दोनों ने बीपीएससी की तैयारी करने का निर्णय लिया और पटना में रहकर पढ़ाई की। वर्ष 2025 में नयनश्री का चयन शिक्षक भर्ती परीक्षा (TRE-3) के माध्यम से हुआ और उन्होंने लक्ष्मीपुर प्रखंड के प्राथमिक विद्यालय मेदिनीपुर में योगदान दिया। दूसरी ओर, दोनों ने अपने रिश्ते को विवाह तक पहुंचाने का निर्णय लिया।
बताया जाता है कि राहुल (पूर्व में राखी) ने दिल्ली स्थित एम्स में जेंडर ट्रांजिशन की प्रक्रिया पूरी की। परिवार को इसकी जानकारी बाद में मिली। इसके बाद 31 मई 2026 को लक्ष्मीपुर के प्रसिद्ध पटेश्वर नाथ मंदिर में दोनों ने हिंदू रीति-रिवाज से विवाह किया। विवाह के दौरान राहुल ने नयनश्री की मांग में सिंदूर भरा और सात फेरे लेकर जीवनभर साथ निभाने का संकल्प लिया। शादी के बाद दोनों राहुल के पैतृक गांव पहुंचे, जहां पारंपरिक रस्में भी निभाई गईं। विवाह के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यह मामला पूरे जिले में चर्चा का विषय बन गया। हालांकि, दोनों परिवारों की प्रतिक्रिया अलग-अलग रही। जहां राहुल के परिवार का कहना है कि दोनों बालिग हैं और अपनी इच्छा से विवाह किया है, वहीं नयनश्री के परिजन इस रिश्ते से असहमत बताए जा रहे हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, मामले की सूचना डायल-112 पुलिस को भी दी गई थी। पुलिस ने स्पष्ट किया कि दोनों वयस्क हैं और कानून के तहत अपनी इच्छा से विवाह करने के लिए स्वतंत्र हैं। फिलहाल विवाह के बाद दोनों का ठिकाना सार्वजनिक नहीं है और उनके मोबाइल फोन भी बंद बताए जा रहे हैं। यह विवाह न केवल जिले में बल्कि सोशल मीडिया पर भी बहस और चर्चा का विषय बना हुआ है। प्रेम, पहचान और सामाजिक स्वीकार्यता से जुड़ी यह कहानी लोगों के बीच अलग-अलग प्रतिक्रियाएं पैदा कर रही है।


