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Bihar Rajya Sabha Election : महागठबंधन के विधायकों में NDA ने लगाई सेंध ! नीतीश के ख़ास नेता का दावा, बोले ... एक या दो नहीं बल्कि 12 विधायक संपर्क में हैं ...

बिहार में राज्यसभा की पांच सीटों को लेकर सियासत तेज हो गई है। जदयू नेता और मंत्री अशोक चौधरी ने दावा किया है कि महागठबंधन के 12 विधायक एनडीए के संपर्क में हैं और पांचवीं सीट भी एनडीए के खाते में जाएगी।

Bihar Rajya Sabha Election : महागठबंधन के विधायकों में NDA ने लगाई सेंध ! नीतीश के ख़ास नेता का दावा, बोले ... एक या दो नहीं बल्कि 12 विधायक संपर्क में हैं ...
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Bihar Rajya Sabha Election : बिहार में राज्यसभा की पांच सीटों को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। इन सीटों के लिए कुल छह उम्मीदवार मैदान में हैं, जिससे मुकाबला काफी दिलचस्प हो गया है। पांच उम्मीदवार एनडीए (NDA) की ओर से उतारे गए हैं, जबकि महागठबंधन की तरफ से राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने अपना एक उम्मीदवार मैदान में उतारा है। वर्तमान राजनीतिक समीकरणों को देखते हुए पांचवीं सीट पर जीत को लेकर दोनों खेमों के बीच जोरदार रणनीति और जोड़तोड़ का दौर चल रहा है।


बिहार विधानसभा में मौजूदा विधायकों की संख्या के आधार पर देखा जाए तो एनडीए को चार सीटों पर जीत लगभग तय मानी जा रही है। वहीं पांचवीं सीट के लिए सियासी गणित काफी जटिल हो गया है। इस सीट को जीतने के लिए एनडीए को सिर्फ तीन अतिरिक्त विधायकों के समर्थन की जरूरत है। दूसरी ओर महागठबंधन के सामने स्थिति ज्यादा चुनौतीपूर्ण दिखाई दे रही है।


महागठबंधन में शामिल राजद, कांग्रेस और वाम दलों की संयुक्त संख्या के बावजूद उन्हें अभी भी लगभग छह अतिरिक्त विधायकों के समर्थन की जरूरत पड़ रही है। ऐसे में इस सीट पर जीत दर्ज करने के लिए उन्हें ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के विधायकों का समर्थन हर हाल में चाहिए होगा। इसके अलावा बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के खाते में गई एक सीट के विधायक का समर्थन भी महागठबंधन के लिए बेहद अहम माना जा रहा है। अगर इन दलों का समर्थन महागठबंधन को नहीं मिलता है, तो उनके लिए पांचवीं सीट जीतना मुश्किल हो सकता है।


इसी बीच एनडीए की ओर से बड़ा दावा सामने आया है, जिसने राज्य की राजनीति को और गर्मा दिया है। गुरुवार को एनडीए की बैठक के बाद बिहार सरकार के मंत्री और जदयू के कद्दावर नेता अशोक चौधरी ने मीडिया से बातचीत करते हुए विपक्ष के दावों पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि विपक्ष में इतनी ताकत नहीं है कि वह एनडीए को चुनौती दे सके।


अशोक चौधरी ने दावा किया कि एनडीए के पास पहले से ही पर्याप्त वोट हैं और पांचवीं सीट भी एनडीए के खाते में ही जाएगी। जब उनसे विपक्ष के पास विधायकों की संख्या को लेकर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, “आप लोग चिंता मत करिए, हमारे पास 12 वोट एक्स्ट्रा आएंगे।”


उनके इस बयान ने राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी है। चौधरी के इस दावे को महागठबंधन के विधायकों में संभावित सेंधमारी के संकेत के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि ये 12 विधायक किस दल से हैं, लेकिन उनके बयान से यह साफ है कि एनडीए को क्रॉस वोटिंग या अतिरिक्त समर्थन मिलने की उम्मीद है।


मंत्री अशोक चौधरी ने यह भी बताया कि एनडीए की बैठक में सभी विधायकों को मतदान प्रक्रिया और उसकी बारीकियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई है। नए विधायकों को यह समझाया गया कि राज्यसभा चुनाव में वोटिंग कैसे होती है और किन नियमों का पालन करना जरूरी होता है।


राज्यसभा चुनाव को लेकर दोनों खेमों में लगातार बैठकों का दौर जारी है। जहां एनडीए अपने विधायकों को एकजुट रखने और अतिरिक्त समर्थन जुटाने की कोशिश में है, वहीं महागठबंधन भी अपने समीकरण मजबूत करने में जुटा हुआ है।


अब सबकी नजर राज्यसभा चुनाव के नतीजों पर टिकी हुई है। यह देखना दिलचस्प होगा कि सियासी दावों और जोड़तोड़ के बीच आखिर पांचवीं सीट किसके खाते में जाती है। बिहार की राजनीति में यह चुनाव आगामी राजनीतिक समीकरणों के लिहाज से भी बेहद अहम माना जा रहा है।

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Tejpratap

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Tejpratap

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

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