ब्रेकिंग
राबड़ी आवास में लौंडा डांस का आयोजन, लालू -तेजस्वी समेत कई कार्यकर्ता रहे मौजूद बिहार को जल्द मिलेंगे 25 नए IAS अधिकारी, इस दिन करेंगे ज्वाइन; प्रशासनिक कामकाज को मिलेगी रफ्तारबिहार से आई हैरान करने वाली तस्वीर: गैस के लिए रातभर सड़कों पर सोने को मजबूर लोग, फिर भी नहीं मिल रहा LPG सिलेंडरबिहार में मेले के मंच पर भारी हंगामा, पूर्व मंत्री के सामने आर्केस्ट्रा डांसर्स के बीच जमकर मारपीट; वीडियो हुआ वायरलसीएम आवास में हलचल हुई तेज: नीतीश कुमार ने पार्टी नेताओं के साथ की अहम बैठक, बिहार में पक रही कौन सी सियासी खिचड़ी?राबड़ी आवास में लौंडा डांस का आयोजन, लालू -तेजस्वी समेत कई कार्यकर्ता रहे मौजूद बिहार को जल्द मिलेंगे 25 नए IAS अधिकारी, इस दिन करेंगे ज्वाइन; प्रशासनिक कामकाज को मिलेगी रफ्तारबिहार से आई हैरान करने वाली तस्वीर: गैस के लिए रातभर सड़कों पर सोने को मजबूर लोग, फिर भी नहीं मिल रहा LPG सिलेंडरबिहार में मेले के मंच पर भारी हंगामा, पूर्व मंत्री के सामने आर्केस्ट्रा डांसर्स के बीच जमकर मारपीट; वीडियो हुआ वायरलसीएम आवास में हलचल हुई तेज: नीतीश कुमार ने पार्टी नेताओं के साथ की अहम बैठक, बिहार में पक रही कौन सी सियासी खिचड़ी?

बिहार: ऑक्सीजन की कमी से तड़प-तड़पकर शिक्षक की मौत, 5 लाख रुपये लेकर अस्पताल वालों ने दिया जबरदस्त धोखा

MUZAFFARPUR : बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसने स्वास्थ्य व्यवस्था को शर्मसार कर दिया है. दरअसल ऑक्सीजन की कमी से एक शिक्षक की मौत की बात सामने आ रही

बिहार: ऑक्सीजन की कमी से तड़प-तड़पकर शिक्षक की मौत, 5 लाख रुपये लेकर अस्पताल वालों ने दिया जबरदस्त धोखा
First Bihar
|
|AMP
विज्ञापन — Rectangle

MUZAFFARPUR : बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसने स्वास्थ्य व्यवस्था को शर्मसार कर दिया है. दरअसल ऑक्सीजन की कमी से एक शिक्षक की मौत की बात सामने आ रही है. परिजनों का आरोप है कि अस्पताल की लापरवाही के कारण ही शिक्षक की मौत हुई है. जिला प्रशासन का कहना है कि सीएस ने खुद छापेमारी कर इस अस्पताल को बंद करने का निर्देश दिया था. 


मामला मुजफ्फरपुर जिले के एक प्राइवेट हॉस्पिटल का है. बताया जा रहा है कि सिलौत मनियारी के रहने वाले एक शिक्षक कोरोना पॉजिटिव थे. उन्हें इलाज के लिए उस प्राइवेट हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था. एक सप्ताह से इसी अस्पताल में शिक्षक का इलाज चल रहा था. इलाज के नाम पर उनसे मोटी रकम भी वसूली गई. परिजनों ने कहा कि उन्होंने अस्पताल वालों को 5 लाख रुपये दिए. 


परिजनों का आरोप है कि बीते दिन मरीज की तबीयत ज्यादा बिगड़ने के कारण अस्पताल ने मरीज को एमसीएच में बने कोविड सेंटर में रेफर कर दिया. जब मरीज के परिजन उसे लेकर एमसीएच में बने कोविड सेंटर पहुंचे तो डॉक्टरों ने मरीज का चेकअप किया. उन्होंने देखा कि मरीज की मौत हो चुकी थी. डॉक्टर ने मरीज को देख मृत घोषित कर दिया. इस दौरान वहां मौजूद सभी लोग तब हैरान रह गए, जब उन्होंने देखा की मरीज को जो ऑक्सीजन सिलिंडर लगा था, वह खाली था. उसमें ऑक्सीजन था ही नहीं. 


ऑक्सीजन सिलेंडर खाली होने की बात पर परिजन भड़क गये और निजी अस्पताल से लाने वाले एंबुलेंस को चालक समेत बंधक बना लिया. परिजनों का कहना था कि इलाज के नाम पर उन से पांच लाख रुपये लिये गये हैं. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक जिस निजी अस्पताल में रिटायर्ड शिक्षक भर्ती थे. उस अस्पताल में चार दिन पूर्व सीएस ने खुद छापेमारी कर बंद करने का निर्देश दिया था. उस अस्पताल में कोविड मरीज को भर्ती करने की अनुमति भी नहीं थी. उसके बाद भी मरीज का वहां इलाज चल रहा था.

टैग्स
इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

First Bihar

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

विज्ञापन

संबंधित खबरें