BEGUSARAI: बेगूसराय से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां डीएसपी की वर्दी पहनकर रौब जमाने और सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर लाखों रुपये की ठगी करने वाले शातिर जालसाज को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। तेघड़ा थाना पुलिस ने इस फर्जी अधिकारी को धर दबोचा है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान रिफाइनरी थाना क्षेत्र के मोसादपुर गांव के रहने वाले नारायण महतो का बेटा करण कुमार के रूप में हुई है। आरोपी खुद को डीएसपी बताकर लोगों से संपर्क करता था और दरोगा पद पर बहाली कराने का झांसा देकर मोटी रकम ऐंठ लेता था।
दारोगा बनाने के नाम पर 19.40 लाख की ठगी
मामले का खुलासा तब हुआ जब बनहारा निवासी रवींद्र पासवान के बेटे अभिषेक कुमार ने तेघड़ा थाने में शिकायत दर्ज कराई। पीड़ित के अनुसार, करण कुमार ने खुद को डीएसपी बताते हुए उससे मुलाकात की और पुलिस विभाग में दारोगा की नौकरी दिलाने का भरोसा दिलाया। इसी झांसे में आकर अभिषेक कुमार ने आरोपी को 19 लाख 40 हजार रुपये दे दिए।
छापेमारी कर आरोपी गिरफ्तार, फर्जी सामान बरामद
शिकायत मिलते ही तेघड़ा थाना पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और शनिवार देर रात आरोपी के घर पर छापेमारी कर उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के पास से फर्जीवाड़े में इस्तेमाल की गई वर्दी और अन्य आपत्तिजनक सामान भी बरामद किया है।
पहले भी जा चुका है जेल
पुलिस पूछताछ में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि आरोपी पहले भी इसी तरह की ठगी में शामिल रहा है। इससे पहले बेगूसराय साइबर थाना की पुलिस उसे फर्जी डीएसपी बनकर धोखाधड़ी करने के मामले में जेल भेज चुकी है। जेल से छूटने के बाद उसने दोबारा ठगी का नेटवर्क शुरू कर दिया था।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार,आरोपी खुद को डीएसपी बताकर लोगों को सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देता था। पीड़ित की शिकायत के आधार पर उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले की गहन जांच की जा रही है और अन्य पीड़ितों की तलाश भी की जा रही है। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने में जुटी है कि इस ठगी के नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल हैं।
पेपर में पास करवा दूंगा, दारोगा बन जाओगे
बेगूसराय में फर्जी DSP बनकर लाखों की ठगी, पहले रील्स बनाकर सुर्खियों में आया था। जिले में खाकी वर्दी का खौफ दिखाकर ठगी करने वाले शातिर जालसाज करण कुमार का आपराधिक इतिहास पहले से ही संदिग्ध रहा है। ताजा मामले में तेघड़ा थाना पुलिस ने फर्जी डीएसपी बनकर दरोगा की नौकरी दिलाने के नाम पर 19 लाख 40 हजार रुपये ठगने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है।
2024 में रील बनाकर बना था ‘DSP साहब’
बता दें कि इससे करीब एक साल पहले मार्च 2024 में भी आरोपी करण कुमार बेगूसराय में चर्चा का विषय बना था। उस समय उसने स्कॉर्पियो गाड़ी पर ‘पुलिस’ लिखवाकर और डीएसपी का बोर्ड लगाकर इंस्टाग्राम पर रील्स बनाईं थीं। इतना ही नहीं, उसने अपने इंस्टाग्राम प्रोफाइल पर खुद को DSP भी बताया था। रील बनाने की सनक में आरोपी ने कानून को हाथ में लेने से भी परहेज नहीं किया। गानों पर बनाए गए ये वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गए थे, जिसके बाद पुलिस हरकत में आई थी।
मार्च 2024 को साइबर थाना बेगूसराय को दो वीडियो मिले थे, जिनमें एक युवक फर्जी तरीके से डीएसपी बनकर स्कॉर्पियो में रील बनाता नजर आ रहा था। जांच में सामने आया कि यह युवक रिफाइनरी थाना क्षेत्र के मोसादपुर गांव निवासी नारायण महतो का पुत्र करण कुमार है। जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि करण कुमार का पुलिस विभाग से कोई लेना-देना नहीं है। फर्जी तरीके से वाहन पर ‘पुलिस’ लिखना और डीएसपी का बोर्ड लगाना पूरी तरह गैरकानूनी है।
रील से ठगी तक का सफर
पुलिस सूत्रों के अनुसार, सोशल मीडिया पर खुद को अधिकारी दिखाकर रील बनाने के बाद आरोपी ने इसी फर्जी पहचान का इस्तेमाल कर लोगों को सरकारी नौकरी का झांसा देना शुरू कर दिया। ताजा मामले में बनहारा निवासी अभिषेक कुमार को उसने भरोसा दिलाया कि “पेपर में पास करवा दूंगा, दारोगा बन जाओगे।


