ब्रेकिंग
मुजफ्फरपुर कांग्रेस में ‘दो’ जिलाध्यक्ष? आलाकमान की सूची ने बढ़ाया कन्फ्यूजन, चर्चाओं का बाजार गर्मपटना में नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, 128 नशीले इंजेक्शन के साथ 2 गिरफ्तारमुजफ्फरपुर सब्जी मंडी में युवती की गोली मारकर हत्या, प्रेम-प्रसंग में मर्डर की आशंका बिहार सरकार की सख्ती का असर: काम पर लौटे 30 परीक्ष्यमान राजस्व अधिकारी, बाकी 31 के लिए डेडलाइन तय; क्या बोले डिप्टी सीएम विजय सिन्हा?फर्स्ट बिहार-झारखंड का आरोग्य एक्सलेंस अवार्ड 2026: डॉक्टरों के सम्मान में सजी गौरवपूर्ण शाम, डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी, मंत्री अशोक चौधरी ने किया सम्मानितमुजफ्फरपुर कांग्रेस में ‘दो’ जिलाध्यक्ष? आलाकमान की सूची ने बढ़ाया कन्फ्यूजन, चर्चाओं का बाजार गर्मपटना में नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, 128 नशीले इंजेक्शन के साथ 2 गिरफ्तारमुजफ्फरपुर सब्जी मंडी में युवती की गोली मारकर हत्या, प्रेम-प्रसंग में मर्डर की आशंका बिहार सरकार की सख्ती का असर: काम पर लौटे 30 परीक्ष्यमान राजस्व अधिकारी, बाकी 31 के लिए डेडलाइन तय; क्या बोले डिप्टी सीएम विजय सिन्हा?फर्स्ट बिहार-झारखंड का आरोग्य एक्सलेंस अवार्ड 2026: डॉक्टरों के सम्मान में सजी गौरवपूर्ण शाम, डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी, मंत्री अशोक चौधरी ने किया सम्मानित

यहां बैन हो गया छाती पीटना और खून बहाना, मोहर्रम के बीच मुस्लिम देश का बड़ा फैसला

DESK: मुस्लिम समुदाय के लोग आज मोहर्रम मना रहे हैं हालांकि इसी बीच एक मुस्लिम देश ने मोहर्रम में छाती पीटने और खून बहाने को बैन कर दिया है। शरिया कानून के तहत चलने वाले देश अफगानिस

यहां बैन हो गया छाती पीटना और खून बहाना, मोहर्रम के बीच मुस्लिम देश का बड़ा फैसला
Mukesh Srivastava
|
|AMP
विज्ञापन — Rectangle

DESK: मुस्लिम समुदाय के लोग आज मोहर्रम मना रहे हैं हालांकि इसी बीच एक मुस्लिम देश ने मोहर्रम में छाती पीटने और खून बहाने को बैन कर दिया है। शरिया कानून के तहत चलने वाले देश अफगानिस्तान में तालिबानी शासन ने इसे गलत करार देते हुए पूरी तरह से बैन कर दिया है।


इसके साथ ही साथ इसको लेकर तालिबान ने कड़े कानून बनाए हैं, जिसमें कहा गया है कि शोक मनाने वाले समूहों को अब खुद को मारना मना है। मोहर्रम में छाती पीटना और खून बहाना पूरी तरह से वर्जित है। आदेश नहीं मानने को बुरे अंजाम भुगतने की चेतावनी दी गई है। कानून बनाने से पहले शिया धर्म के गुरुओ से सहमति ली गई है।


रिपोर्ट्स के मुताबिक, अफगानिस्तान में कानून बनाने से पहले तालिबानी शासन ने बैठक बुलाई। जिसमें शिया धर्म गुरुओं से सहमति पत्र लिए गए और उनसे हस्ताक्षर कराए गए हैं। तालिबान ने स्पष्ट तौर पर कह दिया है कि इस कानून के तहत किसी भी को मोहर्रम को मजाक बनाने की अनुमति नहीं दी जाएगी और जो शर्तों को नहीं मानेंगे उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।

इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

Mukesh Srivastava

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

विज्ञापन

संबंधित खबरें