ब्रेकिंग
पटना में रामनवमी की तैयारी पूरी, महावीर मंदिर की सुरक्षा ATS के हवालेअफवाहों से बढ़ी घबराहट, पानी की टंकी में पेट्रोल भरवाने पहुंच गया युवक, लोग बनाने लगे वीडियो UCC पर डॉ प्रेम कुमार का बड़ा बयान, बोले- ‘एक देश, एक कानून’ पूरे भारत में लागू होमंत्री अशोक चौधरी बने असिस्टेंट प्रोफेसर, पटना के एएन कॉलेज में ली पहली क्लासनीतीश कुमार पर प्रशांत किशोर ने बोला बड़ा हमला, कहा..अब JDU भी परिवारवाद से अछूता नहीं रहा पटना में रामनवमी की तैयारी पूरी, महावीर मंदिर की सुरक्षा ATS के हवालेअफवाहों से बढ़ी घबराहट, पानी की टंकी में पेट्रोल भरवाने पहुंच गया युवक, लोग बनाने लगे वीडियो UCC पर डॉ प्रेम कुमार का बड़ा बयान, बोले- ‘एक देश, एक कानून’ पूरे भारत में लागू होमंत्री अशोक चौधरी बने असिस्टेंट प्रोफेसर, पटना के एएन कॉलेज में ली पहली क्लासनीतीश कुमार पर प्रशांत किशोर ने बोला बड़ा हमला, कहा..अब JDU भी परिवारवाद से अछूता नहीं रहा

National Herald Case: नेशनल हेराल्ड केस में सोनिया गांधी और राहुल गांधी को बड़ी राहत, जानिए.. राउज एवेन्यू कोर्ट में आज क्या हुआ?

National Herald Case: नेशनल हेराल्ड मामले में गांधी परिवार को बड़ी राहत मिली है. राउज एवेन्यू कोर्ट ने ईडी की चार्जशीट पर संज्ञान लेने से इनकार कर दिया है.

National Herald Case
© Google
Mukesh Srivastava
|
|AMP
विज्ञापन — Rectangle

National Herald Case: नेशनल हेराल्ड मामले में गांधी परिवार को बड़ी राहत मिली है। दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने प्रवर्तन निदेशालय द्वारा दाखिल चार्जशीट पर संज्ञान लेने से इनकार कर दिया। अदालत के इस फैसले को कांग्रेस नेता सोनिया गांधी और राहुल गांधी के लिए अहम कानूनी जीत के रूप में देखा जा रहा है।


कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़ी जांच और अभियोजन की प्रक्रिया तब तक वैध नहीं मानी जा सकती, जब तक संबंधित अपराध में विधिवत एफआईआर दर्ज न हो। अदालत ने स्पष्ट किया कि प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट के तहत ईडी को जांच शुरू करने से पहले एफआईआर का होना अनिवार्य है।


अदालत के अनुसार, जिस एफआईआर के आधार पर मनी लॉन्ड्रिंग की जांच होनी थी, वह अब तक दर्ज नहीं की गई है। कोर्ट ने कहा कि सीबीआई ने इस मामले में एफआईआर दर्ज नहीं की, जबकि ईडी ने बिना एफआईआर के ही ईसीआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी, जो कानून के अनुरूप नहीं है।


कोर्ट ने अपने निष्कर्ष में कहा कि एफआईआर के अभाव में न केवल मनी लॉन्ड्रिंग की जांच, बल्कि उससे जुड़ी अभियोजन शिकायत भी बनाए रखना योग्य नहीं है। अदालत ने यह भी कहा कि किसी निजी व्यक्ति द्वारा दायर शिकायत के आधार पर मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में संज्ञान लेना कानूनन स्वीकार्य नहीं है।


अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि उसका यह आदेश आरोपों के गुण-दोष यानी मेरिट पर आधारित नहीं है। कोर्ट ने कहा कि वह इस चरण पर आरोपों की सच्चाई या असत्यता पर कोई टिप्पणी नहीं कर रही है, बल्कि केवल कानूनी प्रक्रिया की वैधता पर फैसला दे रही है। इसके साथ ही राउज एवेन्यू कोर्ट ने ईडी की शिकायत को खारिज कर दिया।


वहीं, अदालत के आदेश पर ईडी सूत्रों ने कहा कि कोर्ट का यह फैसला केवल तकनीकी आधार पर दिया गया है और मामले के गुण-दोष पर कोई टिप्पणी नहीं की गई है। सूत्रों के मुताबिक, दिल्ली पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज किए जाने के बाद ईडी अपनी जांच जारी रखेगी और दिल्ली पुलिस के चार्जशीट दाखिल करने के बाद ईडी दोबारा चार्जशीट पेश करेगी। ईडी का दावा है कि यह मनी लॉन्ड्रिंग का स्पष्ट मामला है।

इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

Mukesh Srivastava

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

विज्ञापन

संबंधित खबरें