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Bihar politics : विजय सिन्हा पर लखीसराय में क्यों हुआ हमला? पिछले साल भी यहीं हुआ था विरोध;जानिए आखिर क्या है वजह

लखीसराय में मतदान के दौरान बीजेपी नेता विजय कुमार सिन्हा को ग्रामीणों के भारी विरोध का सामना करना पड़ा। नाराज लोगों ने उनकी गाड़ी पर गोबर और चप्पल फेंके। विरोध की वजह टूटी सड़कें और अधूरे वादे बताए जा रहे हैं।

Bihar politics : विजय सिन्हा पर लखीसराय में क्यों हुआ हमला? पिछले साल भी यहीं हुआ था विरोध;जानिए आखिर क्या है वजह
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Bihar politics : लखीसराय जिले में 6 नवंबर को हुए मतदान के दौरान बीजेपी प्रत्याशी और बिहार विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष विजय कुमार सिन्हा को अपने ही क्षेत्र में भारी विरोध का सामना करना पड़ा। वे जब खुरियारी गांव के बूथ नंबर 404 और 405 पर पहुंचे, तो ग्रामीणों ने नारेबाजी शुरू कर दी। लोगों ने “विजय सिन्हा मुर्दाबाद, वोट चोर गद्दी छोड़ो” जैसे नारे लगाए। इसी दौरान भीड़ में शामिल कुछ लोगों ने गोबर और चप्पलें उनकी गाड़ी पर फेंक दीं।


टूटी सड़कों पर ग्रामीणों का आक्रोश

लखीसराय जिला मुख्यालय से लगभग 15 किलोमीटर दूर स्थित हलसी बाजार से खुरियारी गांव की दूरी महज 7 किलोमीटर है। लेकिन, ग्रामीणों का कहना है कि यह सड़क पिछले 20 सालों से खराब हालत में है। कीचड़ और गड्ढों से भरी सड़क पर यात्रा करना किसी चुनौती से कम नहीं। एक ग्रामीण महिला ने कहा, “हमारी औरतें रोज घुटनों तक साड़ी उठाकर कीचड़ में चलती हैं, नेता जी वोट लेकर भूल जाते हैं। आखिर कब तक सहते रहेंगे?”


लोगों ने बताया कि घर से निकलते ही पानी और कीचड़ से भरे रास्तों से गुजरना पड़ता है। कई बार हादसे हो चुके हैं, लेकिन कोई सुधार नहीं हुआ। इसी नाराजगी का परिणाम था कि मतदान के दिन ग्रामीणों ने विजय सिन्हा का विरोध किया।


विजय सिन्हा बोले – “जंगलराज की वापसी”

विजय सिन्हा ने घटना के बाद मीडिया से कहा, “यहां RJD और यादवों के गुंडे हैं। हमारे पोलिंग एजेंट को बूथ पर बैठने नहीं दिया गया। दलित और पिछड़ा टोला के लोग डरे-सहमे हैं। जैसे जंगलराज लौट आया हो।” उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष के इशारे पर विरोध कराया गया है।


ग्रामीणों ने दिया जवाब – “दंगा कराने की साजिश”

ग्रामीणों ने सिन्हा के आरोपों को पूरी तरह खारिज करते हुए कहा कि “विजय सिन्हा यहां दंगा कराने की साजिश रच रहे थे। उनके पोलिंग एजेंट खुद समय पर नहीं आए। हमने किसी को डराया-धमकाया नहीं। सभी ने स्वतंत्र रूप से मतदान किया।”


प्रशासन बोला – शांतिपूर्ण हुआ मतदान

जिला अधिकारी मिथिलेश मिश्रा ने कहा कि मतदान पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा। “हर उम्मीदवार को अपने क्षेत्र में जाने का अधिकार है, लेकिन चुनाव की मर्यादा बनी रहनी चाहिए। शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।” वहीं, SP अजय कुमार ने बताया कि, “जब सुबह हम पहुंचे तो सब कुछ शांत था। विजय सिन्हा के पहुंचते ही विरोध शुरू हो गया। जांच की जा रही है।”


डिप्टी CM ने दिया जवाब

इस पूरे मामले पर बिहार के उपमुख्यमंत्री और बीजेपी नेता विजय कुमार सिन्हा ने सफाई देते हुए कहा, “ये गांववाले अपने संस्कार दिखा रहे हैं। सड़क का टेंडर हो चुका है और काम शुरू भी हो गया है। सड़क तो बहाना है, असल में ये RJD और कांग्रेस की गुंडागर्दी का नमूना है। NDA की सरकार आने पर ऐसे गुंडों पर बुलडोजर चलेगा।” लखीसराय की यह घटना अब प्रदेश की सियासत का नया मुद्दा बन चुकी है। जहां एक ओर बीजेपी इसे विपक्ष की गुंडई बता रही है, वहीं ग्रामीण इसे वर्षों की अनदेखी का नतीजा कह रहे हैं।

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Tejpratap

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

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