Indo-Nepal Border: बिहार विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के मतदान को पूरी तरह शांतिपूर्ण बनाने के लिए भारत-नेपाल सीमा को आज यानी 8 नवंबर से तीन दिनों के लिए सील कर दिया गया है। सशस्त्र सीमा बल की 48वीं बटालियन जयनगर ने जिला प्रशासन को पत्र लिखकर सूचना दी कि 8 नवंबर सुबह से 11 नवंबर शाम 6 बजे तक बॉर्डर पर आवागमन पूरी तरह बंद रहेगा। इस दौरान जयनगर-जनकपुर-बिजलपुरा नेपाली ट्रेन का परिचालन भी 72 घंटे के लिए स्थगित कर दिया गया है।
SSB के कमांडेंट ने पत्र में साफ लिखा कि चुनाव के दौरान किसी तरह की अवैध घुसपैठ या संदिग्ध गतिविधि न हो, इसलिए यह कदम बेहद जरूरी है। मधुबनी जिला प्रशासन ने पूर्व मध्य रेलवे को निर्देश दिया, जिसके बाद रेलवे ने नेपाली रेलवे अधीक्षक को पत्र भेजकर ट्रेन रोकने की जानकारी दी। शनिवार 8 नवंबर को आखिरी फेरे चलेंगे, उसके बाद बुधवार 12 नवंबर से ट्रेनें फिर पटरी पर दौड़ेंगी। रोजाना तीन फेरे वाली यह ट्रेन दोनों देशों के हजारों यात्रियों की लाइफलाइन है।
सीमा के प्रमुख चौकियां भिट्ठामोड़, सोनबरसा, लौकहा और जयनगर पर SSB जवानों की संख्या दोगुनी कर दी गई है। पुलिस और जिला प्रशासन की संयुक्त टीमें 24 घंटे गश्त कर रही हैं। ड्रोन से निगरानी और चेकपोस्ट पर वाहनों की सघन जांच हो रही है। नेपाल की ओर से भी धनुषा जिले में पुलिस ने बॉर्डर पर अलर्ट बढ़ा दिया है। नेपाल DSP गणेश बहादुर बम ने कहा कि SSB के साथ समन्वय से बॉर्डर पॉइंट बंद हैं।
जिला अधिकारी अरविंद कुमार वर्मा ने अपील की है कि नागरिक दिशा-निर्देश मानें और संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत दें। यह कदम बिहार के सीमावर्ती 7 जिलों पश्चिम चंपारण, सीतामढ़ी, मधुबनी, सुपौल, अररिया, किशनगंज और पूर्वी चंपारण में सुरक्षा का मजबूत घेरा बनाएगा। 11 नवंबर को इनमें से कई सीटों पर वोटिंग है। SSB के प्रवक्ता ने कहा कि चुनाव खत्म होते ही बॉर्डर और ट्रेन सेवा सामान्य हो जाएगी। फिलहाल शांति और सुरक्षा सबसे ऊपर है।






