Bihar Crime News: नवादा जिले के नगर थाना क्षेत्र से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक 31 वर्षीय महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मृतका की पहचान गुंजा देवी के रूप में हुई है, जो कलाली रोड स्थित सिन्हा मार्केट के पास एक किराये के मकान में अपने पति और दो बच्चों के साथ रहती थीं। उनका शव रविवार सुबह पंखे से लटका हुआ पाया गया। घटना के बाद मृतका के पति दीपक गोस्वामी ने अपने छोटे भाई शेखर गोस्वामी पर हत्या का आरोप लगाया है।
दीपक गोस्वामी, जो मूल रूप से नेमदारगंज निवासी हैं, उसने पुलिस को दिए अपने बयान में बताया कि 10 मई को वह भागलपुर के सबौर में एक शादी समारोह में शामिल होने गए थे। उसी दिन उनकी पत्नी गुंजा देवी अपने दोनों बच्चों के साथ पड़ोस में एक शादी में शामिल होने गई थीं। देर रात वे सब घर लौटे, जहां बच्चे एक कमरे में और गुंजा देवी दूसरे कमरे में सो गईं। उसी कमरे में दीपक का छोटा भाई शेखर भी सोया हुआ था, जो अक्सर उनके घर आता-जाता रहता था।
सुबह करीब 5 बजे बेटी पानी पीने उठी तो मां सोती हुई नजर आई, लेकिन 6:30 बजे दोबारा उठने पर उसने देखा कि उसकी मां पंखे के हुक से लटकी हुई थी। उसने तुरंत शोर मचाया, जिसके बाद शेखर ने गुंजा देवी का शव नीचे उतारा और उसे नवादा सदर अस्पताल लेकर गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद शव को नेमदारगंज स्थित पैतृक घर ले जाया गया।
घटना के बाद जब दीपक नवादा लौटा, तो उसने अपनी पत्नी के दोनों हाथों की टूटी चूड़ियां और दाहिने हाथ पर चोट के निशान देखे। इसके आधार पर उसने आशंका जताई कि यह आत्महत्या नहीं, बल्कि सुनियोजित हत्या है। दीपक का आरोप है कि उसके छोटे भाई शेखर ने गुंजा देवी की गला दबाकर हत्या की और सबूत छुपाने के लिए शव को पंखे से लटका दिया। एक दिन बाद दीपक अपने ससुर मन्नू गोस्वामी, साले रवि कुमार और अन्य ग्रामीणों के साथ ई-रिक्शा से शव लेकर नगर थाना पहुंचे और पुलिस से न्याय की मांग की।
नगर थाना प्रभारी (एसएचओ) अविनाश कुमार ने बताया कि मृतका के पति द्वारा उसके देवर पर हत्या का आरोप लगाया गया है। शव का पोस्टमार्टम करा लिया गया है और रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है, जिससे मौत के सही कारण का खुलासा हो सकेगा। प्राथमिक जांच के आधार पर मामला संदिग्ध प्रतीत हो रहा है। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और शेखर से पूछताछ की जा रही है।
पुलिस यह भी जांच कर रही है कि घटना के समय घर में और कौन-कौन मौजूद था और शेखर की भूमिका क्या थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। मृतका के परिजनों ने प्रशासन से दोषी के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि गुंजा देवी का कोई आत्महत्या करने का कारण नहीं था और वह अपने बच्चों के साथ खुश थीं।





