Araria Encounter ; तनिष्क शोरूम लूटकांड का मुख्य आरोपी चुनमुन झा काफी समय से पुलिस की मोस्ट वांटेड लिस्ट में शामिल था। उस पर लूट, डकैती और कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज थे।
पुलिस और STF की संयुक्त कार्रवाई में मारा गया चुनमुन झा
बिहार के अररिया जिले में शुक्रवार देर रात पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए कुख्यात अपराधी चुनमुन झा को मुठभेड़ में ढेर कर दिया। यह एनकाउंटर नरपतगंज थाना क्षेत्र के थलहा नहर के पास रात करीब 2:30 बजे हुआ। पुलिस और स्पेशल टास्क फोर्स (STF) की टीम उसे पकड़ने पहुंची थी, लेकिन चुनमुन और उसके साथियों ने पुलिस पर गोलियां चला दीं। जवाबी कार्रवाई में चुनमुन झा को गोली लगी और वह मौके पर ही मारा गया। इस मुठभेड़ में छह पुलिसकर्मी भी घायल हुए, जिन्हें इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
अपराधी ने पुलिस पर चलाई गोली, जवाबी फायरिंग में मारा गया
चुनमुन झा, जो पलासी गांव का निवासी था, का असली नाम विनोद झा उर्फ फतन झा था। वह आरा और पूर्णिया में हुए तनिष्क शोरूम लूटकांड सहित कई अन्य संगीन मामलों में शामिल था। पुलिस और STF की टीम ने थलहा नहर के पास उसे पकड़ने के लिए छापा मारा, लेकिन उसने पुलिस पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में चुनमुन को गोलियां लगीं और वह ढेर हो गया।
एनकाउंटर की पूरी कहानी, एसपी ने दी जानकारी
अररिया एसपी अंजनी कुमार ने बताया कि शनिवार सुबह 4:00 बजे चुनमुन झा का एनकाउंटर किया गया। इस दौरान एक अन्य अपराधी फरार हो गया। मुठभेड़ में STF के तीन जवान और नरपतगंज थाना प्रभारी विकास कुमार घायल हो गए। चुनमुन के सीने में दो गोलियां लगीं, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
घायल पुलिसकर्मी अस्पताल में भर्ती
इस मुठभेड़ में घायल पुलिसकर्मियों में नरपतगंज थानाध्यक्ष कुमार विकास, STF इंस्पेक्टर मोहम्मद मुश्ताक, चालक नागेश, जेसी शहाबुद्दीन अंसारी और दीपक कुमार शामिल हैं। सभी को तुरंत सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। घटना के बाद इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई है, और पुलिस टीम लगातार तलाशी अभियान चला रही है ताकि चुनमुन झा के बाकी साथियों को भी गिरफ्तार किया जा सके।
चुनमुन झा की आपराधिक पृष्ठभूमि
चुनमुन झा अररिया जिले के पलासी थाना क्षेत्र के मजलिसपुर गांव का रहने वाला था। उसके पिता का नाम विनोद झा है। उसके खिलाफ 2020 में पलासी थाना में शराब बरामदगी का मामला दर्ज हुआ था। बाद में चोरी के सामान की बरामदगी पर एक और केस दर्ज किया गया। 2021 में उसके खिलाफ अपहरण के बाद हत्या का मामला दर्ज हुआ। 2023 में वह फारबिसगंज में एक सोना दुकान लूट की योजना बनाते समय हथियारों के साथ पकड़ा गया था। वह पूर्णिया में तनिष्क ज्वेलरी शॉप लूट मामले में भी वांटेड था। इसके अलावा, अररिया में हुई एक हत्या के मामले में भी पुलिस उसकी तलाश कर रही थी। पुलिस ने इस एनकाउंटर को अपराध के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई बताया है और कहा है कि अपराधियों पर शिकंजा कसने के लिए आगे भी सख्त अभियान जारी रहेगा।



