Bihar News: भोजपुरी सिनेमा को अक्सर अश्लीलता से जोड़कर देखा जाता है और यह धारणा प्रबल है कि बिना इसके यह इंडस्ट्री चल ही नहीं सकती। लेकिन भोजपुरी फिल्म निर्देशक चेतना झाम्ब इस अवधारणा को तोड़ने की कोशिश कर रही हैं। उनका मानना है कि सामाजिक सरोकारों से जुड़े मुद्दों पर आधारित साफ-सुथरी फिल्में बनाकर भी दर्शकों का दिल जीता जा सकता है।
समस्तीपुर में अपनी फिल्म अनमोल घड़ी की शूटिंग के दौरान चेतना ने बताया है कि यह फिल्म युवाओं के करियर और खासकर बारहवीं के बाद विद्यार्थियों की मनोदशा को दर्शाती है। उन्हें विश्वास है कि यह फिल्म पारिवारिक दर्शकों को खूब पसंद आएगी और इसे पारिवारिक फिल्म का दर्जा मिलेगा।
फिल्म अनमोल घड़ी की शूटिंग समस्तीपुर के विभिन्न लोकेशनों पर चल रही है, जिसमें बॉलीवुड की तकनीकी टीम शामिल है। चेतना झाम्ब, जो समस्तीपुर की रहने वाली हैं, उन्होंने स्थानीय दर्शकों की रुचियों को ध्यान में रखते हुए कुछ दृश्य यहीं शूट किए हैं। उन्होंने कहा कि सच्चे प्रयास और सामाजिक मुद्दों पर आधारित कहानी के साथ भोजपुरी सिनेमा में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है। यह फिल्म न केवल मनोरंजन प्रदान करेगी, बल्कि दर्शकों को प्रेरित भी करेगी।
रिपोर्टर: रमेश शंकर, समस्तीपुर






