Bihar News: बिहार के रोहतास जिले से एक दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है, जहां बिजली व्यवस्था की लापरवाही एक वार्ड सदस्य की जान पर भारी पड़ गई। चेनारी प्रखंड के डिहरिया पंचायत अंतर्गत खैरा गांव में यह घटना हुई, जिसने पूरे इलाके को सदमे में डाल दिया।
मृतक की पहचान सदानंद तिवारी के रूप में हुई है, जो गांव के वार्ड सदस्य थे। बताया जा रहा है कि रविवार रात करीब आठ बजे वह गांव के कुछ लोगों के साथ बिजली के खंभे पर चढ़कर खराब तार को ठीक करने गए थे। गांव में पहले से ही बिजली की समस्या चल रही थी, जिससे लोग परेशान थे।
ग्रामीणों का कहना है कि ट्रांसफार्मर और बिजली के तार में खराबी की सूचना कई बार बिजली विभाग को दी गई थी, लेकिन समय पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। जब विभाग की ओर से कोई नहीं पहुंचा, तो गांव के कुछ लोग खुद ही समस्या को ठीक करने निकल पड़े।
इसी दौरान हादसा हो गया। बताया जाता है कि जब सदानंद तिवारी खंभे पर चढ़कर तार ठीक कर रहे थे, तभी अचानक बिजली का करंट आ गया। करंट इतना तेज था कि वह खंभे पर ही झुलस गए और मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
घटना के वक्त उनके साथ मौजूद लोग घबरा गए और वहां से हट गए। काफी देर तक उनका शव बिजली के खंभे पर ही लटका रहा, जिसे देखकर गांव में अफरा-तफरी मच गई। बाद में पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से शव को नीचे उतारा गया।
इस घटना के बाद पूरे गांव में गुस्सा और शोक का माहौल है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। उनका कहना है कि अगर बिजली विभाग समय पर मरम्मत कर देता, तो आज यह हादसा नहीं होता।
घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंच गए। सदर अनुमंडल पदाधिकारी डॉ. नेहा कुमारी और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी दिलीप कुमार ने घटनास्थल का जायजा लिया। इस दौरान एसडीएम ने बिजली विभाग के अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई और लापरवाही पर नाराजगी जताई।
फिलहाल चेनारी थाना की पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए सासाराम सदर अस्पताल भेज दिया गया है। पुलिस अब उन लोगों की भी तलाश कर रही है, जो घटना के वक्त मृतक के साथ मौजूद थे, ताकि पूरे मामले की सच्चाई सामने लाई जा सके। वहीं, प्रशासन ने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया है।





