Bihar News: बिहार में दुर्गा पूजा की तैयारियां पूरे जोश के साथ शुरू हो चुकी हैं। ऐसे में नवरात्रि के आगमन से पहले प्रशासन ने सुरक्षा और शांति सुनिश्चित करने के लिए कई अहम कदम उठाए हैं। इस बार मूर्ति विसर्जन के दौरान हर समूह की वीडियोग्राफी की जाएगी ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। इसके साथ ही, छतों से पत्थर या मांस के टुकड़े फेंकने जैसी घटनाओं पर भी सख्त कार्रवाई का निर्देश दिया गया है। प्रशासन का मकसद है कि यह पर्व शांतिपूर्ण और भाईचारे के माहौल में संपन्न हो।
मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में हाल ही में एक उच्चस्तरीय बैठक हुई, जिसमें सुरक्षा व्यवस्था पर विस्तार से चर्चा की गई। इस बैठक में सभी जिलों के डीएम, एसपी, डीआईजी, आईजी और रेलवे एसपी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए शामिल हुए। निर्देश दिए गए कि भीड़ नियंत्रण, सोशल मीडिया पर नजर और संवेदनशील इलाकों में विशेष सतर्कता बरती जाए। खास तौर पर मूर्ति विसर्जन के दौरान होने वाली घटनाओं को रोकने के लिए भौतिक सत्यापन और वीडियोग्राफी को अनिवार्य किया गया है ताकि किसी भी तरह के सांप्रदायिक तनाव को टाला जा सके।
पिछले कुछ वर्षों में मूर्ति विसर्जन के दौरान पत्थरबाजी या मांस के टुकड़े फेंके जाने जैसी घटनाएं सामने आई हैं, जिससे समुदायों के बीच तनाव पैदा हुआ है। इस बार ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए प्रशासन ने पहले से ही कड़े कदम उठाने की योजना बनाई है। वीडियोग्राफी के जरिए हर गतिविधि पर नजर रखी जाएगी और किसी भी गड़बड़ी की स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा, संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करने और ड्रोन जैसे आधुनिक उपकरणों के इस्तेमाल की भी बात हो रही है।
दुर्गा पूजा के साथ-साथ दीवाली और छठ जैसे बड़े त्योहारों को देखते हुए बिजली आपूर्ति की व्यवस्था को भी दुरुस्त किया जा रहा है। ऊर्जा सचिव मनोज कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई समीक्षा बैठक में पंडालों और आसपास के इलाकों में सुरक्षित बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। मूर्ति विसर्जन के दौरान किसी भी अनहोनी की स्थिति में बिजली तुरंत काटने की व्यवस्था भी की गई है।






