Bihar Monsoon: तमाम बिहारवासियों के लिए राहत भरी खबर है। लंबे समय से भीषण गर्मी और उमस से जूझ रहे लोगों को जल्द ही मानसून की बारिश से निजात मिलने वाली है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग, पटना के ताजा अपडेट के मुताबिक, दक्षिण-पश्चिम मानसून की बिहार में एंट्री का काउंटडाउन शुरू हो चुका है। मंगलवार रात से बुधवार शाम यानी 17-18 जून 2025 तक मानसून सीमांचल के रास्ते राज्य में दस्तक दे सकता है। हालांकि, इसके साथ ही भारी बारिश, आंधी और वज्रपात की चेतावनी भी जारी की गई है, जिसके लिए लोगों से सावधानी बरतने की अपील की गई है।
पिछले दो हफ्तों से बिहार-बंगाल सीमा पर ठहरा मानसून अब तेजी से आगे बढ़ रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, नमी से भरी पुरवैया हवाएं शक्तिशाली हो रही हैं और मानसून की एंट्री के लिए अनुकूल मौसमी परिस्थितियां बन चुकी हैं। सीमांचल के इलाकों में मौसम पहले ही सुहावना होने लगा है और कई जिलों में प्री-मानसून बारिश ने गर्मी से हल्की राहत दी है। मंगलवार को भी भागलपुर, भोजपुर और पश्चिम चंपारण जैसे जिलों में झमाझम बारिश ने लोगों को उमस से कुछ निजात दिलाई।
मौसम विभाग ने 17 जून को बिहार के पश्चिमी, पूर्वी, उत्तर-मध्य और दक्षिण-मध्य हिस्सों में मेघगर्जन के साथ वज्रपात और 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी है। खासकर नवादा, जमुई, बांका, भागलपुर, खगड़िया, कटिहार, बेगूसराय और मुंगेर जैसे जिलों में 18-19 जून को भारी बारिश की संभावना जताई गई है। कोसी-सीमांचल और मुजफ्फरपुर के आसपास के इलाकों में भी रविवार को वज्रपात का खतरा बना हुआ है। सोमवार को वज्रपात से एक दर्जन लोगों की मौत की दुखद घटनाओं के बाद प्रशासन ने लोगों से खुले मैदान में न जाने और पेड़ों के नीचे न रुकने की सलाह दी है।
मानसून के सक्रिय होने से अगले 48 घंटों में बिहार के ज्यादातर हिस्सों में बारिश का दौर शुरू हो सकता है। इससे तापमान में 4-6 डिग्री की गिरावट आने की उम्मीद है, जो गर्मी से परेशान लोगों के लिए बड़ी राहत होगी। हालांकि, तेज हवाओं और आकाशीय बिजली के खतरे को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग को भी अलर्ट पर रखा गया है।






