Bihar Jeevika Yojana : बिहार सरकार की ओर से राज्य की जीविका दीदियों के लिए एक बड़ा सामाजिक सुरक्षा अभियान शुरू किया जा रहा है। इस वर्ष राज्य की करीब एक करोड़ जीविका दीदियों का बीमा कराने का लक्ष्य तय किया गया है। इसके लिए 15 अप्रैल के बाद पूरे राज्य की सभी ग्राम पंचायतों में व्यापक अभियान चलाया जाएगा, जिसे “बीमा सुरक्षा उत्सव” नाम दिया गया है। वर्तमान में लगभग 72 लाख दीदियों का पहले से बीमा हो चुका है, लेकिन अब इस दायरे को और विस्तार देने की तैयारी है।
इस अभियान के दौरान जीविका से जुड़े कर्मी और प्रशिक्षित दीदियां घर-घर जाकर महिलाओं को बीमा के प्रति जागरूक करेंगी और उन्हें योजनाओं से जोड़ने का कार्य करेंगी। अधिकारियों के अनुसार इस पहल का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण परिवारों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना है ताकि किसी भी अनहोनी की स्थिति में परिवार को वित्तीय सहायता मिल सके।
इस योजना के तहत दो प्रमुख बीमा योजनाओं को शामिल किया गया है। पहली योजना है Pradhan Mantri Jeevan Jyoti Bima Yojana। इस योजना के अंतर्गत 18 से 50 वर्ष की आयु वर्ग की दीदियों का बीमा किया जाएगा। इसमें लाभार्थी को 436 रुपये का वार्षिक अंशदान करना होगा, जो सीधे उनके बैंक खाते से स्वतः कट जाएगा। इस योजना में बीमित व्यक्ति की प्राकृतिक मृत्यु होने पर उसके परिजनों को 2 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।
दूसरी योजना है Pradhan Mantri Suraksha Bima Yojana। यह योजना 18 से 70 वर्ष तक की आयु वर्ग की महिलाओं के लिए लागू होगी। इसमें मात्र 20 रुपये वार्षिक प्रीमियम देना होगा। इस योजना के तहत दुर्घटना में मृत्यु होने पर परिजनों को 2 लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान की जाएगी।
इन दोनों योजनाओं का सबसे बड़ा लाभ यह है कि यदि कोई महिला दोनों योजनाओं से जुड़ी होती है और किसी दुर्घटना में मृत्यु होती है, तो उसके परिजनों को कुल मिलाकर 4 लाख रुपये तक की सहायता राशि मिल सकती है। इससे ग्रामीण परिवारों को बड़ी आर्थिक सुरक्षा प्राप्त होगी।
अधिकारियों ने बताया कि यह बीमा एक जून से प्रभावी माना जाएगा और इसकी वैधता एक वर्ष तक होगी। इसके लिए 15 अप्रैल से 31 मई तक विशेष अभियान चलाया जाएगा, हालांकि इसके बाद भी बीमा कराने की प्रक्रिया जारी रहेगी। अभियान के दौरान दीदियों को एक स्थान पर एकत्र कर उन्हें योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी जाएगी और पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी कराई जाएगी।
सरकार इस बार एक और महत्वपूर्ण पहल कर रही है, जिसके तहत जीविका दीदियों को यह भी प्रेरित किया जाएगा कि वे अपने पति का भी बीमा अवश्य कराएं। यदि पति-पत्नी दोनों बीमित होंगे, तो किसी भी अनहोनी की स्थिति में परिवार को अधिक सुरक्षा मिल सकेगी और आर्थिक संकट से बचाव होगा।
इस अभियान को और प्रभावी बनाने के लिए पहले से लाभ प्राप्त कर चुकी दीदियों को भी जोड़ा जाएगा। उन्हें प्रेरक के रूप में इस्तेमाल किया जाएगा ताकि वे अन्य महिलाओं को भी बीमा के प्रति जागरूक कर सकें। पिछले लगभग दो दशकों से जीविका के माध्यम से बीमा योजनाएं चलाई जा रही हैं और अब तक करीब दस हजार परिवारों को इसका सीधा लाभ मिल चुका है।
इस नए लक्ष्य के साथ बिहार सरकार का उद्देश्य है कि ग्रामीण महिलाओं को अधिक से अधिक सामाजिक सुरक्षा के दायरे में लाया जाए और किसी भी आपात स्थिति में उनके परिवारों को आर्थिक मजबूती प्रदान की जा सके।






