Bihar News: बिहार के पश्चिम चंपारण से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां युवक ने पहली पत्नी को तलाक दिए बिना शादी रचा ली है। यह मामला लौरिया थाना क्षेत्र के गोबरौर की है। इस मामले में पीड़िता चांदनी देवी ने अपने पति कृष्ण मोहन साह और ससुराल पक्ष के अन्य सदस्यों के खिलाफ महिला थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
चांदनी देवी ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि फरवरी 2023 में उसकी शादी कृष्ण मोहन साह से धूमधाम से हुई थी। लेकिन शादी के कुछ ही दिनों बाद पति और ससुराल वाले जिनमें भैसुर रामबाबू साह, श्याम बाबू साह, ससुर जयलाल साह, सास ललिता देवी, और गोतनी पूजा देवी शामिल हैं। दहेज में ₹1 लाख की मांग शुरू कर दी। जब उसने यह मांग पूरी करने से इनकार किया, तो उसके साथ शारीरिक और मानसिक रूप से प्रताड़ना शुरू हो गई।
पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया है कि उसे जहर पिलाकर मारने की कोशिश की गई। जब उसके मायके वाले ससुराल आकर पूछताछ करने लगे, तो उनके साथ भी मारपीट की गई। इस घटना के संबंध में पहले भी लौरिया थाना में एक प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
पहले मामले में दोनों पक्षों ने आपसी सुलह के बाद साथ रहने का निर्णय लिया था। लेकिन चांदनी देवी के अनुसार, इस सुलह के बावजूद उसके पति ने 11 अप्रैल 2025 को जगदीशपुर थाना क्षेत्र की एक अन्य युवती से मंदिर में गुपचुप तरीके से शादी कर ली। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि कृष्ण मोहन साह ने अब तक अपनी पहली पत्नी को तलाक नहीं दिया।
चांदनी देवी के पास अपने पति की दूसरी शादी के फोटो और वीडियो साक्ष्य भी मौजूद हैं, जिसे वह पुलिस को सौंप चुकी हैं। महिला थाना प्रभारी श्यामली कमल ने पुष्टि की है कि पीड़िता की शिकायत पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और मामले की गहन जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि आरोप गंभीर हैं और कानून के अनुसार उचित कार्रवाई की जाएगी।
बता दें कि भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 494 के तहत, यदि कोई व्यक्ति अपनी पत्नी या पति को तलाक दिए बिना दूसरी शादी करता है, तो यह अपराध की श्रेणी में आता है और इसके लिए सात साल तक की सजा और जुर्माना हो सकता है। चांदनी देवी की शिकायत इसी संदर्भ में दर्ज की गई है।



