ब्रेकिंग
UCC पर डॉ प्रेम कुमार का बड़ा बयान, बोले- ‘एक देश, एक कानून’ पूरे भारत में लागू होमंत्री अशोक चौधरी बने असिस्टेंट प्रोफेसर, पटना के एएन कॉलेज में ली पहली क्लासनीतीश कुमार पर प्रशांत किशोर ने बोला बड़ा हमला, कहा..अब JDU भी परिवारवाद से अछूता नहीं रहा हाजीपुर में निगरानी की बड़ी कार्रवाई, 50 हजार घूस लेते खनन विभाग के दो कर्मचारी रंगेहाथ गिरफ्तारपटना में रामनवमी पर हाई अलर्ट, महावीर मंदिर समेत प्रमुख स्थलों पर कड़ी सुरक्षा के प्रबंधUCC पर डॉ प्रेम कुमार का बड़ा बयान, बोले- ‘एक देश, एक कानून’ पूरे भारत में लागू होमंत्री अशोक चौधरी बने असिस्टेंट प्रोफेसर, पटना के एएन कॉलेज में ली पहली क्लासनीतीश कुमार पर प्रशांत किशोर ने बोला बड़ा हमला, कहा..अब JDU भी परिवारवाद से अछूता नहीं रहा हाजीपुर में निगरानी की बड़ी कार्रवाई, 50 हजार घूस लेते खनन विभाग के दो कर्मचारी रंगेहाथ गिरफ्तारपटना में रामनवमी पर हाई अलर्ट, महावीर मंदिर समेत प्रमुख स्थलों पर कड़ी सुरक्षा के प्रबंध

नालंदा में महिला ने शराबबंदी की खोल दी पोल, कहा- सरकार हमें रोज़गार दे...हम शराब बनाना छोड़ देंगे

NALANDA: बिहार में शराबबंदी कानून लागू होने के बावजूद शराब का कारोबार जारी है। इसकी पोल कहीं और से नहीं बल्कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के गृह जिला नालंदा से ही खुल गई है। उत्पाद विभ

नालंदा में महिला ने शराबबंदी की खोल दी पोल, कहा- सरकार हमें रोज़गार दे...हम शराब बनाना छोड़ देंगे
First Bihar
|
|AMP
विज्ञापन — Rectangle

NALANDA: बिहार में शराबबंदी कानून लागू होने के बावजूद शराब का कारोबार जारी है। इसकी पोल कहीं और से नहीं बल्कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के गृह जिला नालंदा से ही खुल गई है। उत्पाद विभाग की टीम ने नालंदा के दीपनगर थाना क्षेत्र के तुंगी गांव में छापेमारी कर 4 महिला और दो पुरुष को शराब के साथ गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार महिला ने शराबबंदी  की पोल खोल दी है। 



गिरफ्तारी के बाद महिला ने कहा है कि अगर सरकार ने शराबबंदी की है तो महिलाओं को रोजगार भी मुहैया कराए। रोजगार नहीं रहने के कारण हम शराब का धंधा करने पर मजबूर हैं। गिरफ्तारी के बाद भी महिला के चेहरे पर कोई शिकन देखने को नहीं मिला क्योंकि महिला साफ लफ्जो में कह रही है कि रोजगार नहीं रहने के कारण ही हम लोग शराब की बनाने का काम कर रहे हैं। 



आपको बता दें कि कोई भी ऐसा दिन नहीं है जहां नालंदा में एक दर्जन से ज्यादा लोग शराब के मामले में पकड़े नहीं जा रहे हैं। गिरफ्तारी के बाद भी इनका आरोप सीधे तौर पर बिहार सरकार पर ही हैं कि अगर हमें रोज़गार मिल जाता तो हम शराब का कारोबार कभी नहीं करते लेकिन हमारी भी मजबूरी हैं। हमारे छोटे-छोटे बच्चे हैं और उनके लिए हमें शराब बनाना पड़ता है। 

टैग्स
इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

First Bihar

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

विज्ञापन

संबंधित खबरें