1st Bihar Published by: First Bihar Updated Apr 15, 2026, 6:16:18 PM
17 और 18 अप्रैल को मतदान - फ़ोटो सोशल मीडिया
MUZAFFARPUR: बिहार नगरपालिका (संशोधन) अधिनियम, 2026 के क्रियान्वयन को लेकर मुजफ्फरपुर जिला प्रशासन ने कमर कस ली है। जिले के नगर निगम, नगर परिषदों और नगर पंचायतों में सशक्त स्थायी समिति के रिक्त पदों को भरने के लिए चुनाव की तिथियों की घोषणा कर दी गई है।
जिला निर्वाचन पदाधिकारी (नगरपालिका) -सह- जिलाधिकारी श्री सुब्रत कुमार सेन ने अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक कर चुनाव को स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के कड़े निर्देश दिए हैं।चुनाव का कार्यक्रम और स्थल: निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, जिले के विभिन्न निकायों में मतदान 17 और 18 अप्रैल को आयोजित किया जाएगा।
17 अप्रैल:नगर परिषद मोतीपुर, कांटी, साहेबगंज और नगर पंचायत मुरौल एवं कुढ़नी में मतदान होगा। 18 अप्रैल: नगर पंचायत सकरा, माधोपुर सुस्ता, बरूराज, मीनापुर, सरैया और नगर निगम मुजफ्फरपुर में चुनाव कराए जाएंगे। नगर निगम के 7 पदों के लिए मतदान जिला सभागार में होगा, जबकि अन्य निकायों के लिए संबंधित प्रखंड सभागार को मतदान केंद्र बनाया गया है। चुनाव प्रक्रिया को विवादरहित और पारदर्शी बनाने के लिए जिलाधिकारी ने स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
नामांकन सीमा: कोई भी वार्ड पार्षद एक से अधिक पद के लिए नामांकन नहीं कर सकेगा। यदि कोई ऐसा करता है, तो केवल न्यूनतम क्रमांक वाले पद के लिए उसका नामांकन मान्य होगा।
मतदान प्रक्रिया: प्रत्येक रिक्त पद के लिए अलग-अलग चुनाव और मतदान होगा। पार्षदों को हर पद के लिए वोट देने का अधिकार होगा।
शपथ ग्रहण: मतगणना के तुरंत बाद विजयी उम्मीदवारों को प्रमाण पत्र दिया जाएगा और बिहार नगरपालिका अधिनियम, 2007 की धारा 24 के तहत गोपनीयता की शपथ दिलाई जाएगी।
महत्वपूर्ण बदलाव:नई समिति के शपथ ग्रहण करते ही पूर्व में मनोनीत सशक्त स्थायी समिति स्वतः भंग मानी जाएगी और नवनिर्वाचित समित कार्यभार संभाल लेगी।
सुरक्षा एवं प्रशासनिक व्यवस्था: डीएम ने विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अनुमंडल पदाधिकारी (पूर्वी एवं पश्चिमी) को पर्याप्त संख्या में दंडाधिकारियों और पुलिस बल की प्रतिनियुक्ति करने का निर्देश दिया है। प्रत्येक मतदान स्थल पर एक प्रेक्षक (Observer)की नियुक्ति की गई है, जो पूरी प्रक्रिया की निगरानी करेंगे।
सहायक निर्वाची पदाधिकारियों के रूप में वरीय प्रशासनिक अधिकारियों को तैनात किया गया है, जबकि प्रखंड विकास पदाधिकारी सहयोग की भूमिका में रहेंगे। डीएम श्री सुब्रत कुमार सेन ने चेतावनी दी है कि निर्वाचन कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रशासन का लक्ष्य शांतिपूर्ण और पारदर्शी तरीके से लोकतांत्रिक प्रक्रिया को पूर्ण करना है।

