ब्रेकिंग
देशभर में 1 अप्रैल से लागू होंगे नए श्रम कानून, सैलरी, ओवरटाइम और सामाजिक सुरक्षा में बड़े बदलाव; क्या होगा असर?पटना में परिवहन विभाग की सख्ती: 800 से अधिक BH सीरीज वाहनों पर जुर्माना, 575 वाहनों से भारी वसूलीहस्ताक्षर असली है या नकली? सीएम नीतीश कुमार के इस्तीफे पर लालू के करीबी ने उठाए गंभीर सवालEOU का भ्रष्टाचार पर बड़ा प्रहार, DSP के छह ठिकानों पर छापेमारी... DRDA डायरेक्टर के घर की भी हो रही तलाशीLPG किल्लत और बढ़ती महंगाई के खिलाफ सरकार को घेरने की तैयारी में बिहार कांग्रेस, वरिष्ठ नेताओं का पैनल तैयारदेशभर में 1 अप्रैल से लागू होंगे नए श्रम कानून, सैलरी, ओवरटाइम और सामाजिक सुरक्षा में बड़े बदलाव; क्या होगा असर?पटना में परिवहन विभाग की सख्ती: 800 से अधिक BH सीरीज वाहनों पर जुर्माना, 575 वाहनों से भारी वसूलीहस्ताक्षर असली है या नकली? सीएम नीतीश कुमार के इस्तीफे पर लालू के करीबी ने उठाए गंभीर सवालEOU का भ्रष्टाचार पर बड़ा प्रहार, DSP के छह ठिकानों पर छापेमारी... DRDA डायरेक्टर के घर की भी हो रही तलाशीLPG किल्लत और बढ़ती महंगाई के खिलाफ सरकार को घेरने की तैयारी में बिहार कांग्रेस, वरिष्ठ नेताओं का पैनल तैयार

Bihar News: मगध यूनिवर्सिटी के पूर्व VC के खिलाफ ED ने दाखिल की चार्जशीट, जानिए.. क्या है मामला?

Bihar News: आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में प्रवर्तन निदेशालय ने मगध विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति डॉ. राजेन्द्र प्रसाद के खिलाफ चार्जशीट दाखिल किया है। पटना के पीएमएलए

Bihar News
© google
Mukesh Srivastava
|
|AMP
विज्ञापन — Rectangle

Bihar News: आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में प्रवर्तन निदेशालय ने मगध विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति डॉ. राजेन्द्र प्रसाद के खिलाफ चार्जशीट दाखिल किया है। पटना के पीएमएलए कोर्ट में 15 अप्रैल को ईडी की तरफ से यह चार्जशीट दाखिल की गई।


दरअसल, यह पूरा मामला आय से अधिक संपत्ति से जुड़ा है। मामले की जांच कर रही ईडी ने मगध विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति डॉ. राजेन्द्र प्रसाद के अलावा उनके बेटे डॉ. अशोक कुमार, उनके भाई अवधेश प्रसाद और प्यारी देवी मेमोरियल वेलफेयर ट्रस्ट को भी आरोपी बनाया है। कोर्ट ने 15 अप्रैल को चार्जशीट दाखिल होने के साथ ही उसपर संज्ञान ले लिया।


ईडी ने यह कार्रवाई प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट 2002 के तहत की है। ईडी की जांच में यह बात सामने आई है कि डॉ. राजेंद्र प्रसाद और उनके परिजनों ने अवैध तरीके से संपत्ति अर्जित की है। अवैध कमाई को ट्रस्ट और मनी लॉन्ड्रिंग के जरिए वैध दिखाने की कोशिश की गई।


पटना स्थित विशेष सतर्कता इकाई में दर्ज मामले के आधार पर ईडी ने मगध विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति डॉ. राजेन्द्र प्रसाद के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग की जांच शुरू की थी। चार्जशीट में आरोप लगाया गया कि साल 2019 से 2021 के बीच डॉ. राजेन्द्र प्रसाद ने मगध विश्वविद्यालय का कुलपति रहते हुए आय से दो करोड़ 66 लाख 99 हजार रुपए अधिक संपत्ति अर्जित की है।

इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

Mukesh Srivastava

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

विज्ञापन

संबंधित खबरें