ब्रेकिंग
Earthquake: दिल्ली-NCR और उत्तर भारत में महसूस हुए भूकंप के तेज झटके, 5.9 थी तीव्रतामोकामा में अनंत सिंह का अंतरराष्ट्रीय महादंगल, देश-विदेश के 101 पहलवानों ने दिखाई ताकत; किसने मारी बाजी?बिहार में मैरिज हॉल पर छापा, 80 युवक-युवतियां आपत्तिजनक हालत में पकड़े गए, होटल सीलदरभंगा में ज्वेलर्स की दुकान से दो करोड़ की लूट, 20 लाख कैश और सोने-चांदी के गहनें ले गए बदमाश; 10 मिनट में दिया वारदात को अंजामबिहार में फर्जी IPS बनकर वसूली करने वाला शातिर गिरफ्तार, NIA-CIA और BJP की जाली ID भी मिलीEarthquake: दिल्ली-NCR और उत्तर भारत में महसूस हुए भूकंप के तेज झटके, 5.9 थी तीव्रतामोकामा में अनंत सिंह का अंतरराष्ट्रीय महादंगल, देश-विदेश के 101 पहलवानों ने दिखाई ताकत; किसने मारी बाजी?बिहार में मैरिज हॉल पर छापा, 80 युवक-युवतियां आपत्तिजनक हालत में पकड़े गए, होटल सीलदरभंगा में ज्वेलर्स की दुकान से दो करोड़ की लूट, 20 लाख कैश और सोने-चांदी के गहनें ले गए बदमाश; 10 मिनट में दिया वारदात को अंजामबिहार में फर्जी IPS बनकर वसूली करने वाला शातिर गिरफ्तार, NIA-CIA और BJP की जाली ID भी मिली

असम में 41 लाख लोगों की नागरिकता का फैसला आज, NRC की फाइनल लिस्ट होगी जारी

DESK: असम में 41 लाख लोगों की नागरिकता का फैसला आज होगा. NRC की फाइनल लिस्ट आज सुबह 10 बजे जारी की जाएगी. NRC लिस्ट में नाम नहीं होने की आशंका के चलते लोगों को अपने भविष्य की चिंता हो

असम में 41 लाख लोगों की नागरिकता का फैसला आज, NRC की फाइनल लिस्ट होगी जारी
Admin
|
|AMP
विज्ञापन — Rectangle
DESK: असम में 41 लाख लोगों की नागरिकता का फैसला आज होगा. NRC की फाइनल लिस्ट आज सुबह 10 बजे जारी की जाएगी. NRC लिस्ट में नाम नहीं होने की आशंका के चलते लोगों को अपने भविष्य की चिंता हो रही है. इस लिस्ट के जारी होने के बाद 41 लाख लोगों को बाहर किया जा सकता है. इन लोगों का भविष्य फिलहाल अधर में अटका हुआ है. फाइनल लिस्ट आने के बाद माहौल खराब होने की आशंका को देखते हुए राज्य में सुरक्षा के कड़े इतंजाम किये गए हैं. कई जगहों पर धारा 144 भी लगाई गई है. आपको बता दें कि एनआरसी का मसौदा जब पिछले साल 30 जुलाई को प्रकाशित हुआ था, तब उसमें से 40.7 लाख लोगों को लिस्ट से बाहर रखे जाने पर खासा विवाद हुआ था. मसौदा में 3.29 करोड़ आवेदकों में से से 2.9 करोड़ लोगों के ही नाम शामिल थे. जिन लोगों को लिस्ट से बाहर रखा गया था, उनके अलावा पिछले महीने प्रकाशित एक लिस्ट में एक लाख से अधिक लोगों के नाम बाहर रखे गए थे. आखिरी लिस्ट के प्रकाशन से पहले असम के मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने लोगों से कहा है कि, ‘वे घबराएं नहीं. राज्य सरकार अपनी नागरिकता साबित करने में उन लोगों को मदद करने के लिए हरसंभव कदम उठाएगी जो वास्तव में भारतीय हैं.’ सोनोवाल ने इन लोगों को कानूनी सहायता मुहैया कराने का भी आश्वासन दिया है.
इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

Admin

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

विज्ञापन

संबंधित खबरें