RJD MLC Sunil Singh: राजद के विधान पार्षद (एमएलसी) डॉ. सुनील सिंह, उनकी पत्नी वंदना सिंह और बेटे यशस्वी सिंह के खिलाफ 43.86 लाख रुपये की गबन के आरोप में मामला दर्ज किया गया है। यह प्राथमिकी पटना के गर्दनीबाग निवासी आशा इंटरप्राइजेज की प्रोपराइटर मेघा की लिखित शिकायत पर दर्ज हुई है।
मेघा ने तीन अलग-अलग शिकायतों में आरोप लगाया है कि डॉ. सुनील सिंह (मां कालरात्रि फल-सब्जी उत्पादक स्वलाभी सेवा समिति लिमिटेड के अध्यक्ष), वंदना सिंह (जय माता दी कृषक सेवा स्वालाभी सहकारी समिति लिमिटेड की अध्यक्ष) और यशस्वी सिंह (सारण फल-सब्जी कृषक स्वालाभी सेवा समिति लिमिटेड के अध्यक्ष) ने उनसे चना दाल की आपूर्ति के नाम पर कुल 43.86 लाख रुपये लिए, लेकिन आज तक दाल नहीं भेजी।
मेघा के अनुसार, वर्ष 2023 में चना दाल की खरीद को लेकर सुनील सिंह ने उनसे संपर्क किया था। उन्होंने क्रमशः मां कालरात्रि समिति के खाते में 16.50 लाख, जय माता दी संगठन के खाते में 23.65 लाख और सारण फल-सब्जी संगठन के खाते में 3.71 लाख रुपये ट्रांसफर किए थे।
जब तय समय पर माल नहीं पहुंचा, तो 28 अप्रैल को मेघा ने कानूनी नोटिस भेजा, जिसका कोई जवाब नहीं मिला। उनका आरोप है कि जब उन्होंने सुनील सिंह से पैसे लौटाने की मांग की, तो उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई। साथ ही कार में बैठे एक व्यक्ति लल्लू सिंह का जिक्र करते हुए कथित तौर पर कहा गया, “इसको गोली मार दो।” उधर, एमएलसी डॉ. सुनील सिंह ने सभी आरोपों को निराधार बताते हुए कहा, “एफआईआर पढ़ने के बाद मैं अपना पक्ष सामने रखूंगा।” वहीं, गर्दनीबाग थाने के थानाध्यक्ष प्रतोष कुमार ने बताया कि मामला दर्ज कर लिया गया है और जांच जारी है।




