ब्रेकिंग
Bihar News: अंचलाधिकारियों की हड़ताल के बीच पटना के 11 अंचलों में नए CO की प्रतिनियुक्ति,लिस्ट देखें...मुजफ्फरपुर कांग्रेस में ‘दो’ जिलाध्यक्ष? आलाकमान की सूची ने बढ़ाया कन्फ्यूजन, चर्चाओं का बाजार गर्मपटना में नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, 128 नशीले इंजेक्शन के साथ 2 गिरफ्तारमुजफ्फरपुर सब्जी मंडी में युवती की गोली मारकर हत्या, प्रेम-प्रसंग में मर्डर की आशंका बिहार सरकार की सख्ती का असर: काम पर लौटे 30 परीक्ष्यमान राजस्व अधिकारी, बाकी 31 के लिए डेडलाइन तय; क्या बोले डिप्टी सीएम विजय सिन्हा?Bihar News: अंचलाधिकारियों की हड़ताल के बीच पटना के 11 अंचलों में नए CO की प्रतिनियुक्ति,लिस्ट देखें...मुजफ्फरपुर कांग्रेस में ‘दो’ जिलाध्यक्ष? आलाकमान की सूची ने बढ़ाया कन्फ्यूजन, चर्चाओं का बाजार गर्मपटना में नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, 128 नशीले इंजेक्शन के साथ 2 गिरफ्तारमुजफ्फरपुर सब्जी मंडी में युवती की गोली मारकर हत्या, प्रेम-प्रसंग में मर्डर की आशंका बिहार सरकार की सख्ती का असर: काम पर लौटे 30 परीक्ष्यमान राजस्व अधिकारी, बाकी 31 के लिए डेडलाइन तय; क्या बोले डिप्टी सीएम विजय सिन्हा?

पूर्व मंत्री राघवेन्द्र प्रताप सिंह की बढ़ सकती हैं मुश्किलें, हाईकोर्ट में रिट दायर

BHOJPUR: भोजपुर के बड़हरा से बीजेपी विधायक राघवेन्द्र प्रताप सिंह की मुश्किलें अब बढ़ने वाली है। आरजेडी के पूर्व विधायक सरोज यादव ने बीजेपी विधायक पर गंभीर आरोप लगाते हुए पटना हाईकोर

पूर्व मंत्री राघवेन्द्र प्रताप सिंह की बढ़ सकती हैं मुश्किलें, हाईकोर्ट में रिट दायर
First Bihar
|
|AMP
विज्ञापन — Rectangle

BHOJPUR: भोजपुर के बड़हरा से बीजेपी विधायक राघवेन्द्र प्रताप सिंह की मुश्किलें अब बढ़ने वाली है। आरजेडी के पूर्व विधायक सरोज यादव ने बीजेपी विधायक पर गंभीर आरोप लगाते हुए पटना हाईकोर्ट में रिट दायर किया है। राघवेन्द्र प्रताप सिंह पर आरोप है कि चुनाव के दौरान उन्होंने कई तथ्य छुपाये थे। 




सरोज यादव ने पटना हाईकोर्ट में जो रीट दायर किया है, उसमें बताया गया है कि 2020 विधानसभा चुनाव के दौरान बीजेपी विधायक राघवेन्द्र प्रताप सिंह ने चुनावी हलफनामे में अपनी संपत्ति का डिटेल गलत दिया था। उनपर कई मकान और संपत्ति को चुनाव आयोग से छुपाने का आरोप लगाया गया है। 




आपको बता दें, पूर्व आरजेडी विधायक सरोज यादव ने आरटीआई से जवाब मांगा था, जिसमें आरटीआई ने खुलासा किया है कि बीजेपी विधायक ने अपने पटना के राजेंद्र नगर और आरा की कई संपत्ति को छुपाये रखा है। इतना ही नहीं, 2016 तक उन्होंने पटना में सरकारी आवास का उपभोग किया और बिजली और टेलीफोन का बिल भी जमा नहीं किया। लेकिन जब चुनावी हलफनामे में डिटेल देने की बारी आई तो उन्होंने किसी चीज़ का ज़िक्र नहीं किया।  




इस मामले को लेकर अब 1 नवंबर को पटना हाईकोर्ट में सुनवाई होने वाली है। मामला सही पाए जाने के बाद राघवेन्द्र प्रताप सिंह की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। सबसे ज्यादा खतरा उनकी विधानसभा सदस्यता पर मंडरा रहा है। वहीं, दूसरी तरफ आरजेडी के पूर्व विधायक सरोज यादव ने पटना हाईकोर्ट में रिट याचिका दायर होने और खुद पर लगे आरोपों पर ने सफाई पेश की है। उनका साफ़ तौर पर ये कहना है कि उनके नाम पर एक इंच भी जमीन नहीं है। 

टैग्स
इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

First Bihar

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

विज्ञापन

संबंधित खबरें