K C Tyagi: जेडीयू के वरिष्ठ नेता केसी त्यागी ने पार्टी की सक्रिय राजनीति से किनारा करने का फैसला किया है। उन्होंने आधिकारिक रूप से जानकारी देते हुए बताया कि इस बार उन्होंने जनता दल (यूनाइटेड) की सदस्यता का नवीनीकरण नहीं कराया है।
अपने बयान में केसी त्यागी ने जेडीयू के गठन का जिक्र करते हुए कहा कि 30 अक्टूबर 2003 को समता पार्टी और जनता दल के विलय से जेडीयू का गठन हुआ था। उस समय जॉर्ज फर्नांडीस पार्टी के अध्यक्ष थे और वे महासचिव के रूप में कार्यरत थे।
त्यागी ने कहा कि उन्होंने शरद यादव और नीतीश कुमार के अध्यक्ष रहने के दौरान उनके साथ लंबे समय तक काम किया। पार्टी में वे मुख्य महासचिव, मुख्य प्रवक्ता और राजनीतिक सलाहकार जैसे अहम पदों पर भी रहे।
उन्होंने बताया कि पार्टी का सदस्यता अभियान अब समाप्त हो चुका है और इस बार उन्होंने अपनी सदस्यता का नवीनीकरण नहीं कराया। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि लगभग आधी सदी तक साथ रहे नीतीश कुमार के प्रति उनका व्यक्तिगत सम्मान आगे भी बना रहेगा।
केसी त्यागी ने संकेत दिया है कि वे उत्तर प्रदेश की राजनीति में सक्रिय भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने बताया कि 22 मार्च को अपने समर्थकों के साथ बैठक कर आगे की रणनीति तय करेंगे। मुख्यमंत्री के करीबी और पार्टी के पुराने नेता केसी त्यागी के इस फैसले को जेडीयू और नीतीश कुमार के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है।



