Bihar Assembly: बिहार विधानसभा की कार्यवाही जारी है। सदन की कार्यवाही के दौरान आज एक बार फिर से राज्य में बढ़ते सूखा नशा को लेकर विपक्ष ने आवाज उठाई और सरकार से इसको लेकर की जा रही कार्रवाई से जुड़ा सवाल पूछा। जिसपर डिप्टी सीएम और गृहमंत्री सम्राट चौधरी ने सदन में जवाब दिया और बताया कि सूखा नशा के खिलाफ सरकार पूरी तरह से सख्त हैं।
दरअसल, सहरसा से इंडियन इंक्लूसिव पार्टी के विधायक इंद्रजीत प्रसाद गुप्ता ने सदन में सरकार से पूछा कि क्या यह सही है कि गांव और शहर में सूखा नशा लोगों को अपनी गिरफ्त में ले रहा है, इसपर सरकार ने पांच प्वाइंट्स में जवाब दिया है लेकिन जवाब से ऐसा लगता है कि यह सिर्फ खानापूर्ति कर दी गई है। उन्होंने कहा कि राज्य में 14 से 25 वर्ष की आयु के बच्चें अब ड्रग्स ले रहे हैं।
आईपी गुप्ता ने कहा कि सहरसा में नवोदय विद्यालय और आईटीआई के छोटे-छोटे बच्चे ड्रग्स ले रहे हैं। सरकार से मेरा निवेदन है कि ये जितने भी कानून हैं पुराने हैं सिर्फ एक मध्य निधेष का कानून नया आया है। जिस तरह से राज्य में शराबंदी की नीति लाई गई उसी तरह से कानून लाया जाए। इसपर स्पीकर ने कहा कि यह प्रश्नकाल है, इसमें सिर्फ सवाल जवाब होते हैं और उन्होंने कहा कि अब आपका समय खत्म हो चुका है। उन्होंने अगले सदस्य को अपना सवाल पूछने को कहा। जिसपर आईपी गुप्ता ने पूरक सवाल पूछा।
उन्होंने पूछा कि क्या सरकार छोटे बच्चे ड्रग्स का जो सेवन कर रहे हैं, उसपर कोई नीति लेकर आएगी? इसपर बिहार सरकार के डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने सरकार की तरफ से जवाब दिया। उन्होंने कहा कि सरकार की तरफ से बड़ा ही स्पष्ट जवाब दिया गया है कि सरकार ने सूखे नशे के खिलाफ कार्रवाई की है। हेरोइन हो, स्मैक हो, ब्राउन शुगर हो, कोकीन हो या अफीम हो सबके खिलाफ विस्तार से जवाब दिया गया है।
सम्राट चौधरी ने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद इसके लिए अलग से एक यूनिट बनाया गया है। नारकोटिक्स डिपार्टमेंट बनाया गया है, जो पूरी तरह से इसपर कार्रवाई कर रहा है। सहरसा हो या बॉर्डर का पूरा इलाका उसकी पहचान की जा रही है, पूरी जांच कराई जा रही है। सीमा पर अगल से एक डीआईजी को प्रतिनियुक्त किया जा रहा है और नारकोटिक्स के लिए अलग से एक यूनिट स्थापित किया जा रहा है। सूखा नशा के खिलाफ सरकार हर हालत में कार्रवाई करेगी।




