NDA Seat Sharing : बिहार चुनाव 2025 के लिए एनडीए में सीट बंटवारे की तैयारियां तेज़ हो गई हैं। गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा अध्यक्ष जे पी नड्डा समेत वरिष्ठ नेताओं ने शनिवार को पार्टी और सहयोगी दलों के नेताओं के साथ बैठक की, जिसमें आगामी विधानसभा चुनावों की रणनीति पर चर्चा हुई। भाजपा की राज्य इकाई के अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने इस बैठक के बाद संकेत दिया कि एनडीए के सहयोगी दलों के साथ सीट बंटवारे की घोषणा रविवार तक की जा सकती है। उन्होंने कहा कि एनडीए में सब कुछ ठीक है और सहयोगियों के साथ सीट बंटवारे की प्रक्रिया लगभग पूरी हो चुकी है।
आज भाजपा की केंद्रीय चुनाव समिति की बैठक आयोजित हो रही है, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अन्य वरिष्ठ नेता शामिल होंगे। इस बैठक में बिहार विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी उम्मीदवारों के नामों को अंतिम रूप दिया जाएगा। सूत्रों के अनुसार, जनता दल (यूनाइटेड) और एलजेपी (रामविलास पासवान) के साथ सीट बंटवारे का फार्मूला लगभग अंतिम रूप में है, जबकि हिंदुस्तान आवाम मोर्चा (सेक्युलर) और राष्ट्रीय लोक मोर्चा (आरएलएम) के साथ अभी चर्चा जारी है।
एनडीए सूत्रों ने बताया कि जनता दल (यू) लगभग 101-102 सीटों पर चुनाव लड़ सकती है, जबकि भाजपा उससे एक सीट कम पर चुनाव लड़ने की संभावना है। बैठक से पहले, भाजपा के बिहार अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने कहा, “एनडीए में सहयोगी दलों के बीच सब कुछ सामान्य है और सीट बंटवारे की घोषणा आज या कल सुबह 11 बजे तक कर दी जाएगी। यह घोषणा पटना या दिल्ली में की जा सकती है, जिस पर एनडीए नेतृत्व निर्णय करेगा।”
बैठक में बिहार के राजनीतिक मामलों के प्रभारी विनोद तावड़े और बिहार चुनाव प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान, जो केंद्रीय मंत्री भी हैं, उपस्थित रहे। इसके अलावा, भाजपा के कोर ग्रुप की बैठक में शामिल होने बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भी कहा कि राज्य विधानसभा चुनावों के लिए सहयोगी दलों के साथ सीटों के बंटवारे पर चर्चा चल रही है और कोई भी नाराज नहीं है। उन्होंने कहा, “सभी ने अपने विचार साझा किए हैं और सभी संतुष्ट हैं।”
सूत्रों के अनुसार, बैठक के दौरान कुशवाहा और पासवान से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। भाजपा ने सभी सहयोगियों के विचारों को गंभीरता से सुना और उनका ध्यान रखा। नड्डा के आवास पर दिनभर चली बैठक में मांझी भी शामिल हुए और वरिष्ठ भाजपा नेताओं के साथ सीट बंटवारे पर विचार-विमर्श किया।
हम (एस) के राष्ट्रीय महासचिव राजेश पांडे ने बैठक के बाद कहा, “हमने भाजपा के वरिष्ठ नेतृत्व के समक्ष अपने विचार साझा किए हैं। हमारे पास सभी विकल्प खुले हैं। राजनीति में कोई किसी का स्थायी दोस्त या दुश्मन नहीं होता।” इस बयान से स्पष्ट होता है कि सहयोगी दलों के साथ चर्चा सकारात्मक और रचनात्मक माहौल में हो रही है।
इस बीच, लोजपा (रामविलास) के केंद्रीय संसदीय बोर्ड ने पार्टी प्रमुख चिराग पासवान को सभी निर्णय लेने का अधिकार दिया है। इससे यह संकेत मिलता है कि पार्टी अपने रणनीतिक कदमों में स्वतंत्र निर्णय लेने के लिए तैयार है। एनडीए में सभी सहयोगियों के बीच सहयोग और सामंजस्य बनाए रखने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि बिहार विधानसभा चुनाव में बेहतर परिणाम हासिल किए जा सकें।
बहरहाल, बिहार चुनाव 2025 के लिए एनडीए में सीट बंटवारे की प्रक्रिया लगभग पूरी हो चुकी है और अंतिम घोषणा आज या कल की संभावना है। भाजपा और उसके सहयोगी दल मिलकर चुनावी रणनीति को अंतिम रूप देने में जुटे हुए हैं, जिससे चुनाव में उनके लिए मजबूती बने और सभी दलों के बीच संतुलन भी बना रहे। एनडीए नेतृत्व इस बार बिहार में जीत के लिए हर पहलू पर ध्यान दे रहा है और सभी सहयोगियों के साथ सकारात्मक संबंध बनाए रखने की कोशिश कर रहा है।






