PURNEA: पूर्णिया सेंट्रल जेल में शनिवार को छापेमारी की गई। डीएम-एसपी के नेतृत्व में की गई ये रेड सुबह 7 बजे से शुरू हुई जो करीब 4 घंटे तक चली। जेल में छापेमारी से बंदियों के बीच हड़कंप मच गया। इस दौरान अलग-अलग वार्ड को खंगाला गया। रेड में बड़ी संख्या में प्रशासनिक अधिकारी और पुलिस के जवान शामिल थे। छापेमारी के दौरान किसी तरह की कोई आपत्तिजनक सामान बरामद नहीं हुआ है। ये छापेमारी आपराधिक घटनाओं के दृष्टिकोण से की गई है। बड़ी संख्या में पुलिस बलों के साथ वार्ड को सर्च किया गया है। जेल के सभी वार्ड की जांच पड़ताल की गई है।
जानकारी देते हुए डीएम अंशुल कुमार ने बताया कि आज सुबह से ही सेंट्रल जेल में जिला प्रशासन की छापेमारी चल रही है। इसमें अपर समाहर्ता, एसपी, एसडीएम समेत सभी वरीय पदाधिकारी शामिल रहे। जेल के सभी वार्डो का मुआयना किया गया। अब तक की जांच में कोई भी संदिग्ध सामान जैसे मोबाइल, तंबाकू या दूसरी चीज नहीं मिली हैं। प्रशासन की इन चीजों पर पहली नजर है। महिला और पुरुष कैदियों से भी बातचीत की गई। इसमें उन्होंने व्यवस्था से अवगत कराया। केंद्रीय कारा में इस समय कई तरह की नई चीज चल रही है। इसमें 300 कैपेसिटी का नया वार्ड बनकर तैयार है। जल्द ही इस जगह पर कैदियों को शिफ्ट किया जाएगा, फिलहाल जांच में सारी चीज सामान्य पाई गई है।
केंद्रीय कारा में कैदियों को मिलने वाली सहूलियत के हिसाब से व्यवस्था काफी अच्छी है। पीने के लिए 6 से 8 वाटर कूलर जबकि ठंडी हवा के लिए एयर कुलर की व्यवस्था है। वार्ड में साफ सफाई की स्थिति भी काफी अच्छी पाई गई है। शौचालय भी साफ सुथरे मिले और नए शौचालय का भी निर्माण कराया गया है, जो इस्तेमाल में है। कैदियों के लिए अलग-अलग तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं। मशरूम उत्पादन बकरी और मत्स्य पालन जैसी विद्याओं से कैदियों को जोड़ा जा रहा है।
एसपी स्वीटी सहरावत ने कहा कि कैदियों पर नजर बनाए रखने के लिए रूटीन छापेमारी की गई है। इसमें जिला प्रशासन की पूरी टीम के द्वारा छापेमारी चल रही थी। जांच में कोई भी प्रतिबंधित सामग्री बरामद नहीं हुई है। इस वक्त जेल में 1900 के आसपास कैदी हैं। अपराध नियंत्रण की दृष्टिकोण से नजर बनाकर रखा गया है। जेल में सुबह 7:00 से ही ये रेड चल रही थी। तकरीबन 4 घंटे तक छापेमारी चली है, जिसमें कोई भी प्रतिबंधित सामग्री बरामद नहीं हुई है।








