Bihar News: पटना के मसौढ़ी जेल में कथित शराब पार्टी और गांजा पीने का वीडियो वायरल होने के मामले में बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया गया है। जांच के बाद जेलर उमाशंकर शर्मा, जमादार चंद्रशेखर आजाद, और दो कक्षपाल आलोक कुमार व गौरव कुमार को निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई जेल आईजी प्रणव कुमार के आदेश पर की गई।
घटना के बाद जेल डीआईजी नवीन कुमार झा ने मसौढ़ी जेल पहुंचकर करीब 5 घंटे तक गहन जांच की। जांच में यह बात सामने आई कि शराब पीने की पुष्टि नहीं हुई, बल्कि वीडियो कक्षपाल की मिलीभगत से फर्जी रूप से बनाया गया था, ताकि जेल प्रशासन को बदनाम किया जा सके।
डीएम के आदेश पर एसडीएम और डीएसपी की संयुक्त जांच रिपोर्ट में भी यह स्पष्ट किया गया कि वीडियो फर्जी है। इसके बावजूद, जेल की छवि धूमिल करने के प्रयास को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई की गई।
जेल अधीक्षक महेश रजक के अनुसार, छह कैदी- दीपक कुमार, मोहम्मद इमाम, विपिन कुमार, गोलू कुमार, अजीत कुमार और बोतल कुमार पर फर्जी वीडियो बनाकर जेल की छवि खराब करने का आरोप है। इन सभी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है और उन्हें बेऊर जेल स्थानांतरित कर दिया गया।



