Bihar News: बिहार के गया स्थित मगध विश्वविद्यालय में आर्टिफिसियल इंटेलिजेंस यानी एआई के लिए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना की जा रही है। इसी सत्र से इसके तहत पढ़ाई भी शुरू होगी। इस पहल के तहत पीजी इन एआई में 90 सीट और सर्टिफिकेट कोर्स में 60 सीट पर नामांकन होगा। उम्मीद है कि मई महीने से नामांकन की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
21वीं सदी में वैश्विक अर्थव्यवस्था को ज्ञान-आधारित बनाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को सबसे बड़ी तकनीकी क्रांति माना जा रहा है। इसी दृष्टिकोण से मगध विश्वविद्यालय में यह सेंटर स्थापित किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य अत्याधुनिक शोध और अंतर-विषयी सहयोग को बढ़ावा देना है।
इस AI हब से स्वास्थ्य, कृषि, शिक्षा, स्मार्ट इन्फ्रास्ट्रक्चर और शासन जैसे क्षेत्रों में बिहार की प्रगति को भी बढ़ावा मिलेगा। कार्यक्रम के अंतर्गत सर्टिफिकेट कोर्स, डिप्लोमा, बी.एससी (माइनर और मेजर) और एम.एससी जैसे कोर्स शुरू किए जाएंगे, जिससे छात्र इस क्षेत्र में व्यावहारिक और सैद्धांतिक ज्ञान प्राप्त कर सकेंगे।
मगध विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एसपी शाही ने बताया कि विश्वविद्यालय युवाओं को अत्याधुनिक तकनीकी शिक्षा देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के माध्यम से छात्र भविष्य की नौकरियों के लिए तैयार होंगे और बिहार के विकास में भी योगदान देंगे। यह विश्वविद्यालय राज्य का पहला ऐसा संस्थान होगा, जहां आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की पढ़ाई अतिशीघ्र शुरू की जाएगी।
कुलपति ने यह भी कहा कि इस पहल से संपूर्ण मगध क्षेत्र और बिहार के छात्रों को आधुनिक, विश्वस्तरीय तकनीकी शिक्षा का अवसर मिलेगा। साथ ही, AI में शोध और शिक्षण ग्रामीण क्षेत्रों की समस्याओं का समाधान करने में भी सहायक होंगे।
सेंटर ऑफ एक्सीलेंस विश्वविद्यालय के शैक्षणिक और तकनीकी बुनियादी ढांचे को मजबूत करेगा और बिहार को तकनीकी नवाचार का केंद्र बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। यह पहल राज्य के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य और कृषि जैसे क्षेत्रों में बड़े बदलाव लाने की क्षमता रखती है।




