Bihar News: बिहार विधानसभा के बजट सत्र के दौरान रक्सौल के लोकप्रिय विधायक प्रमोद कुमार सिन्हा ने अपने निर्वाचन क्षेत्र की ज्वलंत समस्याओं को नियमानुसार सदन के पटल पर रखा। इस दौरान उन्होंने विशेष रूप से रक्सौल के निवासियों की पुश्तैनी जमीन से जुड़े दशकों पुराने विवाद और राजस्व संबंधी चिंताओं को प्राथमिकता देते हुए सरकार से न्यायोचित कार्रवाई की मांग की।
शून्यकाल के दौरान विधायक प्रमोद कुमार सिन्हा ने रक्सौल की पुश्तैनी भूमि से जुड़े एक अत्यंत संवेदनशील विषय को सदन के समक्ष रखा। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि रक्सौल के उन परिवारों, जिनके पास 1946 और 1954 के वैध निबंधित केवाला और दशकों पुरानी जमाबंदी मौजूद है, उनके ऐतिहासिक दस्तावेजों का उचित सत्यापन किया जाए। विधायक ने पुरजोर मांग की कि इन वैध रयतों के हितों की रक्षा की जाए ताकि वे ससम्मान अपनी पुश्तैनी जमीन पर बने रह सकें और उन्हें राजस्व संबंधी जटिलताओं से मुक्ति मिले।
शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़ी सफलता का जिक्र करते हुए विधायक श्री सिन्हा ने बताया कि आदापुर प्रखंड की बरवा पंचायत स्थित गुलरिया मध्य विद्यालय के भवन निर्माण हेतु उनके द्वारा पूछे गए प्रश्न पर शिक्षा विभाग ने सकारात्मक रुख अपनाया है। वर्तमान में विद्यालय भवन जर्जर होने के कारण बच्चों को कठिनाई हो रही थी, जिसे देखते हुए सरकार ने अब उपलब्ध 05 डिसमिल भूमि पर नए भवन के निर्माण की योजना स्पष्ट कर दी है। जिला पदाधिकारी, पूर्वी चम्पारण द्वारा इसका प्रस्ताव भेजा जा चुका है और विभाग का लक्ष्य स्वीकृति मिलने के 10 महीने के भीतर निर्माण कार्य पूर्ण करने का है।
इसके साथ ही विधायक ने याचिका समिति के माध्यम से रक्सौल प्रखंड की भेलही, पुरन्दरा, लौकरिया और परसौना पंचायतों में गाद नदी की सफाई और जर्जर तटबंधों की मरम्मत की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि नदी में सिल्ट जमा होने से कृषि योग्य भूमि को हो रहे नुकसान को रोकना अत्यंत आवश्यक है।
इसी कड़ी में आदापुर प्रखंड की मझरिया पंचायत के हरकटवा गांव में दूधौरा नदी से हो रहे कटाव की समस्या को भी नियम 292 (घ) के तहत प्रस्तुत किया गया। ग्रामीणों के घरों और खेतों की सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु विधायक ने सरकार से यहाँ कटाव निरोधक कार्य शीघ्र कराए जाने का सादर निवेदन किया।विधायक प्रमोद कुमार सिन्हा ने अंत में विश्वास जताया कि सरकार के सहयोग से क्षेत्र का विकास और जनहित के कार्यों को निरंतर गति मिलती रहेगी।





