Bihar crime news : बिहार की राजधानी पटना के पालीगंज इलाके में उस वक्त हड़कंप मच गया जब अवैध बालू खनन की सूचना पर पहुंची पुलिस टीम पर बालू माफियाओं ने हमला कर दिया। हालात इतने बिगड़ गए कि पुलिस को आत्मरक्षा में फायरिंग करनी पड़ी। हालांकि राहत की बात यह रही कि इस पूरी घटना में किसी के घायल होने या गोली लगने की सूचना नहीं है, लेकिन घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल कायम हो गया है।
जानकारी के मुताबिक, पालीगंज के रानी तालाब थाना पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि धनराज छपरा गांव में बड़े पैमाने पर अवैध बालू खनन किया जा रहा है। बताया गया कि करीब 10 से 12 ट्रैक्टरों के जरिए बालू की ढुलाई हो रही थी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। जैसे ही पुलिस ने ट्रैक्टरों को जब्त करने की कार्रवाई शुरू की, मौके पर मौजूद बालू माफियाओं ने आक्रामक रुख अपना लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कुछ ही देर में वहां बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए और पुलिस टीम को घेर लिया गया। माफियाओं ने पुलिस पर पथराव और धक्का-मुक्की शुरू कर दी, जिससे हालात बेकाबू हो गए। भीड़ के दबाव में पुलिसकर्मियों को पीछे हटना पड़ा और उन्हें मौके से खदेड़ने की कोशिश की गई। इस दौरान पुलिसकर्मियों की जान पर खतरा मंडराने लगा।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने आत्मरक्षा में फायरिंग की। गोलियों की आवाज से पूरा इलाका दहल उठा और मौके पर अफरा-तफरी मच गई। फायरिंग के बाद भीड़ तितर-बितर हो गई, जिससे पुलिस को हालात पर काबू पाने में मदद मिली। अधिकारियों के अनुसार, फायरिंग केवल स्थिति को नियंत्रित करने के लिए की गई थी।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मौके से 4 ट्रैक्टर और 3 मोटरसाइकिल जब्त किए हैं, जिनका इस्तेमाल अवैध खनन और ढुलाई में किया जा रहा था। इस मामले में संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया गया है और आरोपियों की पहचान कर गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है।
इस पूरे घटनाक्रम पर नगर पुलिस अधीक्षक (पूर्वी) परिचय कुमार ने बताया कि पुलिस को अवैध खनन की सटीक सूचना मिली थी, जिसके आधार पर कार्रवाई की गई। उन्होंने कहा कि पुलिस पर हमला करना गंभीर अपराध है और इसमें शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर जरूरी कदम उठाया जाएगा।
घटना के बाद इलाके में एहतियातन भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है। प्रशासन हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोका जा सके। स्थानीय लोगों में भी घटना को लेकर दहशत का माहौल देखा जा रहा है।
बिहार में अवैध बालू खनन के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के बीच इस तरह की घटनाएं प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बनती जा रही हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अभियान आगे भी जारी रहेगा और बालू माफियाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, चाहे इसके लिए कितनी भी कड़ी कार्रवाई क्यों न करनी पड़े।






